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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 22, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

दो युग बीतने पर भी रामराज्य प्रासंगिक: संत मोरारी बापू

By BhanuEdited By:
Published: Mon, 22 May 2017 10:18 AM (IST)Updated: Tue, 23 May 2017 06:00 AM (IST)

केदारपुरी में श्रीराम कथा के श्रवण को भक्तों का सैलाब उमड़ रहा है। कथा वाचक संत मोरारी बापू ने कहा ...और पढ़ें

दो युग बीतने पर भी रामराज्य प्रासंगिक: संत मोरारी बापू
दो युग बीतने पर भी रामराज्य प्रासंगिक: संत मोरारी बापू

रुद्रप्रयाग, [जेएनएन]: केदारपुरी में श्रीराम कथा के श्रवण को भक्तों का सैलाब उमड़ रहा है। कथा प्रवचन करते हुए संत मोरारी बापू ने कहा कि श्रीराम कथा के श्रवण से मनुष्य के दुखों का हरण होता है। मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के जीवन में कदम-कदम पर कठिनाइयां आती रहीं, लेकिन उन्होंने इसकी परवाह न कर अपने राज्य को रामराज्य में बदल दिया। यही वजह है कि दो युग बीत जाने के बाद भी हम रामराज्य की मिसाल दे रहे हैं।

केदारपुरी में श्रीराम कथा का श्रवण करने बड़ी तादाद में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। चार हजार से अधिक श्रद्धालु कथा पांडाल में मौजूद थे। कथा शुरू होने से पूर्व ब्राह्मणों ने गणेश पूजा, पंच पूजा, वेदी पूजा समेत नित्य पूजाएं संपन्न की।

इसके बाद प्रवचन करते हुए संत मोरारी बापू ने कहा कि श्रीराम की कथा श्रवण से जीवन की सही दिशा मिलती है। इससे भक्तों में धर्म और श्रीराम के आदर्शो के प्रति आस्था का भाव जागता है। इसलिए श्रीराम कथा का आयोजन धार्मिक स्थलों पर नियमित अंतराल में होता रहना चाहिए।

केदारपुरी से कथा का लाइव प्रसारण भी हो रहा है। साथ कथा श्रवण को धाम में जगह-जगह बड़ी स्क्रीन लगाई गई हैं। श्रद्धालुओं के लिए आयोजन समिति की ओर से विशाल भंडारे का आयोजन भी किया गया।

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