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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 29, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

ओसामा का साथी तालिबान प्रमुख खूंखार आतंकी मुल्ला उमर मारा गया

By Sudhir JhaEdited By:
Published: Wed, 29 Jul 2015 01:51 PM (IST)Updated: Wed, 29 Jul 2015 04:46 PM (IST)

ओसामा बिन लादेन का साथी तालिबान प्रमुख खूंखार आतंकी मुल्ला उमर मारा गया। अफगानिस्तान सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने ...और पढ़ें

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काबुल/इस्लामाबाद। ओसामा बिन लादेन का साथी तालिबान प्रमुख खूंखार आतंकी मुल्ला उमर मारा गया। अफगानिस्तान सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने इस बात की घोषणा की है। एक सुरक्षा संबंधी सम्मेलन में आज इस बात की घोषणा की गई। आतंकवाद का पर्याय मुल्ला उमर के मारे जाने से उन देशों को काफी राहत मिली है जो आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई लड़ रहे हैं। इसके साथ ही पाकिस्तान सरकार ने घोषणा की है कि लश्कर -ए-झांगवी का प्रमुख मलिक इशाक भी मारा गया है। अगर यह दोनों खबरें सही है तो यह आतंकवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों के लिए बहुत ही अच्छा दिन है।

गौरतलब है कि मुल्ला उमर ओसामा बिन लादेन का ससुर भी था। जिस समय लादेन अफगानिस्तान में रह रहा था उसी समय मुल्ला उमर ने अपनी एक बेटी से लादेन की शादी करवा दी थी। अफगानिस्तान में अमेरिकी नेतृत्व वाली नाटो सेना के रहने के दौरान मुल्ला उमर काफी दिनों तक पाकिस्तान में छिपा हुआ था।

मुल्ला उमर तालिबान का सुप्रीम कमांडर और धार्मिक नेता था। 1996 से 2001 तक उसने अफगानिस्तान पर शासन भी किया। मुल्ला उमर अफगानिस्तान का 11वां हेड ऑफ द स्टेट था। मुल्ला उमर हेड ऑफ द सुप्रीम कौंशिल ऑफ अफगानिस्तान था। हालांकि उसकी सरकार को सिर्फ तीन मुस्लिम देशों ने ही मान्यता दी थी। वे तीन देश थे पाकिस्तान, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमिरात।

6 फुट 6 इंच लंबे मुल्ला उमर का जन्म 1960 में अफगानिस्तान के कांधार प्रांत के एक गांव में हुआ था। वह बहुत ही शर्मीले स्वभाव का था और विदेशी लोगों से बात करना नहीं चाहता था। अफगानिस्तान में जिस समय आतंकवाद चरम पर था उस समय मुल्ला उमर की तूती बोलती थी। मुल्ला उमर के खौफ का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अमेरिका ने उसके सिर पर भारी इनाम की घोषणा की थी। मुल्ला उमर सोवियत सेना के खिलाफ लड़ाई लड़ने वाले मुजाहिदों में शामिल था। लड़ाई के दौरान वह चार बार घायल भी हुआ।

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