यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 06, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
नकारात्मक भावनाओं से बढ़ता है दिल के दौरे का खतरा
काम पूरा नहीं करने की चिंता मत करें क्योंकि क्रोध, चिंता और अवसाद से लेकर आपके दिल पर असर नहीं ...और पढ़ें

लंदन। काम पूरा नहीं करने की चिंता मत करें क्योंकि क्रोध, चिंता और अवसाद से लेकर आपके दिल पर असर नहीं पड़ता बल्कि आपको दिल की बीमारी का खतरा भी बढ़ता है। एक शोध कार्य के मुताबिक, नकारात्मक भावनाओं के कारण दिल की बीमारी का खतरा बढ़ जाता है। इससे आपके शरीर में प्रोइंफैम्मैटरी कैमिकल का स्तर बढ़ता है।
पिट्सबर्ग विश्वविद्यालय के एसोसिएट प्रोफेसर पीटर गियानारोस ने बताया, 'हम इस बात अनुमान लगा सकते हैं कि दिमाग की गतिविधियों का संबंध नकारात्मक भावनाओं से होता है, खासकर नकारात्मक भावनाओं को नियंत्रित करने का काम करता है।' दिल और दिमाग में रक्त का प्रवाह बढ़ने से दिल का दौर होता है। इस अध्ययन को पूरा करने के लिए 157 स्वस्थ्य वयस्क कार्यकर्ताओं के नकारात्मक प्रतिक्रियाओं का देखा गया।
