यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 22, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
मैगी का 550 टन पुराना स्टॉक नष्ट करना चाहती है नेस्ले
खाद्य नियामक एफएसएसएआइ ने मैगी में कुछ खतरनाक रसायनों की अधिक मात्रा के मामले में चल रही जांच के सुबूत ...और पढ़ें

नई दिल्ली, प्रेट्र। नेस्ले इंडिया देश भर में अलग-अलग ठिकानों पर रखी 550 टन पुरानी मैगी के स्टॉक को नष्ट करना चाहती है। इस संबंध में कंपनी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। खाद्य नियामक एफएसएसएआइ ने मैगी में कुछ खतरनाक रसायनों की अधिक मात्रा के मामले में चल रही जांच के सुबूत के तौर पर इस स्टॉक को नष्ट करने पर आपत्ति जताई है। सुप्रीम कोर्ट 30 सितंबर को याचिका पर सुनवाई करेगा।
कंपनी की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता हरीश साल्वे ने कहा कि देश में 39 स्थानों पर रखे ये स्टॉक सेहत के लिहाज से खतरनाक हो सकते हैं। इनकी एक्सपायरी की तारीख बीत चुकी है।
उन्होंने बताया कि कंपनी पहले भी अपने सेंटरों से वापस आई 38,000 टन मैगी को सीमेंट प्लांट में ईधन के रूप में जलाकर नष्ट कर चुकी है। खाद्य नियामक एफएसएसएआइ के वकील का कहना है कि स्टॉक नष्ट करना सुबूत खत्म करने जैसा है। एफएसएसएआइ ने नेस्ले की याचिका पर जवाब देने के लिए हफ्ते भर का समय मांगा है।
