यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 25, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
उत्तर-पश्चिमी दिल्ली में मुकाबला होगा बेहद दिलचस्प
दिल्ली की सात में से एकमात्र सुरक्षित सीट उत्तर-पश्चिमी दिल्ली में इस बार बेहद दिलचस्प चुनाव होने के संकेत हैं। ...और पढ़ें

ब्यूरो, उत्तर-पश्चिमी दिल्ली। दिल्ली की सात में से एकमात्र सुरक्षित सीट उत्तर-पश्चिमी दिल्ली में इस बार बेहद दिलचस्प चुनाव होने के संकेत हैं। भाजपा ने दलितों के बीच अच्छी पहचान रखने वाले उदित राज को चुनाव मैदान में उतारा है तो कांग्रेस से केंद्रीय मंत्री कृष्णा तीरथ ताल ठोक रही हैं। इस लड़ाई में आम आदमी पार्टी की राखी बिड़ला के आ जाने से मुकाबला त्रिकोणात्मक हो गया है।
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इस क्षेत्र में कांग्रेस प्रत्याशी को भाजपा व आम आदमी पार्टी की चुनौती के अलावा अपनी ही पार्टी की विरोधियों से निपटना पड़ रहा है जबकि उदित राज पहली बार दिल्ली में अपनी किस्मत आजमाने उतरे हैं और उनके सामने तमाम पार्टी कार्यकर्ताओं को एकजुट कर चुनाव लड़ने की चुनौती है। पिछले विधानसभा चुनाव में आप की लहर में मंगोलपुरी सुरक्षित विधानसभा से तत्कालीन दिल्ली सरकार के मंत्री राजकुमार चौहान को मात देकर चर्चा में आईं राखी बिड़ला फिलहाल विधायक भी हैं। इस लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत 10 विधानसभा में से गत विधानसभा चुनाव में बादली और सुल्तानपुर माजरा विधानसभा सीट से कांग्रेस जीती है। पांच सीटें भाजपा की झोली में आईं, दो सीटें आम आदमी पार्टी के नाम रहा तो एक पर निर्दलीय ने जीत हासिल की। आप की लहर के बावजूद पांच सीटें पर जीत हासिल करने से भाजपा के नेता खासे उत्साहित हैं।
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मामला पहले जैसा नहीं रहा तथा मैदान में पार्टी ने नए प्रत्याशी को उतारा है तो चुनाव प्रचार की शुरुआत में पार्टी के कार्यकर्ता अधिक सक्रिय दिखाई दे रहे हैं। आम आदमी पार्टी की प्रत्याशी राखी बिड़ला पिछले विधानसभा चुनाव की तर्ज पर ही नामांकन पत्र भरने के बाद घर-घर घूमने के साथ चुनाव प्रचार में जुटी हुई हैं। इससे भाजपा व कांग्रेस उम्मीदवार दबाव में जरूर हैं। लेकिन वह पिछले अनुभव का पूरा फायदा उठाने में लगे हुए हैं। केंद्रीय मंत्री व उत्तर-पश्चिमी लोकसभा सीट से कांग्रेस की प्रत्याशी कृष्णा तीरथ अपने इस कार्यकाल में उस तरह जमीनी स्तर पर जनता को समय नहीं दे पाईं। पार्टी द्वारा फिर प्रत्याशी बनाए जाने से क्षेत्र में इन दिनों प्रचार के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ रही है।
संगठन पूरी तरह साथ है लेकिन जनता से मुलाकात के दौरान जो रिस्पांस मिल रहा है उसे आने वाले दिनों में और अधिक मजबूत करने को जरूरत बता रहीं हैं। भाजपा प्रत्याशी उदित राज क्षेत्र में मतदाताओं का मन टटोलने में जी जान से जुटे हुए हैं। लेकिन संगठन से जुड़े कुछ लोग जिस तरह दूरी बनाए हुए हैं, प्रत्याशियों के चुनाव प्रचार के पहले चरण की स्थिति देख भीतरघात की संभावना से भी इंकार नहीं किया जा सकता। हालांकि पार्टी के अन्य कार्यकर्ताओं से जो सहयोग मिल रहा है इससे संतुष्ट उदित राज बताते हैं चुनाव एकतरफा होगा।
