विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 24, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

जेटली ने कहा, 'दिखी है अच्छे दिनों की शुरुआत'

By Rajesh NiranjanEdited By:
Published: Sun, 24 May 2015 12:02 PM (IST)Updated: Sun, 24 May 2015 12:18 PM (IST)

‘अच्छे दिन’ के नारों के साथ सत्ता में आई मोदी सरकार के कार्यकाल में उठाए गए कदमों को शुरुआत बताते ...और पढ़ें

News Article Hero Image

नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। ‘अच्छे दिन’ के नारों के साथ सत्ता में आई मोदी सरकार के कार्यकाल में उठाए गए कदमों को शुरुआत बताते हुए वित्त मंत्री अरुण जेटली ने विश्वास जताया है कि आने वाले दिन और प्रभावी होंगे। हालांकि वैश्विक आर्थिक स्थिति, कृषि, विदेशी निवेश जैसी कई चुनौतियों से वह वाकिफ हैैं। लेकिन उनका साफ मानना है कि पुरानी सरकार के उलट नई सरकार में प्रधानमंत्री निर्णायक हैैं और पूरी सरकार ऊर्जावान। सरकार के मंत्रियों के साथ-साथ सांसद, विधायक और पूरी पार्टी अगले दस दिनों में देश भर में पांच हजार से ज्यादा रैली, प्रदर्शनी, सभा और गोष्ठी कर जनता तक मोदी सरकार की उपलब्धियां गिनाएगी।

संगठन के स्तर पर तो भाजपा 26 मई से जनकल्याण पर्व मनाएगी लेकिन सरकारी स्तर पर 22 मई से ही सालगिरह समारोह शुरू हो गया है। शनिवार को मीडिया से रूबरू केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने पूरे साल को भाजपा और देश के लिए ऐतिहासिक करार देते हुए कहा कि शासन के हर स्तर पर बदलाव हुआ है। संप्रग काल में खो गई प्रधानमंत्री पद की गरिमा बहाल हुई है। नीतिगत अनिर्णय की जगह तेजी से निर्णय की प्रक्रिया बढ़ी है। भ्रष्टाचार के माहौल के बदले पारदर्शिता दिखाई देने लगी है, तो लाबिंग की जगह खत्म हो गई है। परोक्ष रूप से राबर्ट वाड्रा पर तंज कसते हुए जेटली ने कहा कि नई सरकार में व्यक्ति विशेष या उद्योग विशेष के फैसले नहीं हो रहे हैैं। यही बदलाव है और यही अच्छे दिनों की शुरुआत है। विदेश नीति से लेकर सामाजिक क्षेत्रों तक में ठोस कदम उठाए गए हैैं। केंद्र और राज्य सरकारों के बीच भी संबंध बेहतर हुए हैैं। हालांकि अब भी कुछ चुनौतियां हैं, लेकिन सरकार सही दिशा में जा रही है।

जनता को बताएंगे उपलब्धियां

सरकार के स्तर पर 10 जून तक केंद्रीय मंत्री देश के विभिन्न हिस्सों में मीडिया से रूबरू होंगे। संगठन के स्तर पर पार्टी अध्यक्ष अमित शाह 26 मई को सरकार की उपलब्धियां गिनाएंगे और करनाल, सूरत व पणजी में रैली करेंगे। इसकी जानकारी देते हुए केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार ने बताया कि हर मंत्री को कम से कम तीन दिन देने को कहा गया है। उसी प्रकार सांसद, विधायक से लेकर ब्लाक स्तर तक पदाधिकारी इस जनकल्याण पर्व का हिस्सा बनेंगे। 340 मोबाइल वैन भी इस काम में लगाई गई हैं, जो सुदूर तक इसका प्रसारण करेंगे। हाल में शुरू की गई सुरक्षा व बीमा योजना के लिए बैैंक भी मेला लगाएंगे। कोशिश यह होगी कि इन बीमा योजनाओं से अधिकतर लोगों को जोड़ा जाए। संभव है कि सांसद विधायक सुरक्षा बीमा योजना की पहली किस्त अपनी तरफ से दें।

कांग्रेस पर जन आकांक्षाओं का दबाव

नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। राज्यसभा में भूमि विधेयक व जीएसटी के आड़े आई कांग्र्रेस पर अरुण जेटली ने जन आकांक्षाओं का भी दबाव बढ़ा दिया है। उन्होंने कहा कि जनता देख रही है कि विकास के आड़े कौन आ रहा है। कांग्रेस को समझना चाहिए कि जनता ने विकास की आकांक्षा के साथ ही वोट दिया था। लेकिन वह उन विधेयकों का भी विरोध करने लगी है, जिसकी शुरुआत उसी ने की थी। सरकार की सहयोगी शिवसेना व स्वाभिमानी पक्ष के विरोध पर पूछे गए एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि भूमि विधेयक अब संयुक्त समिति के सामने हैैं। बाहर राजनीतिक बयान देने वाले दलों को वहां बताना होगा कि वे क्या चाहते हैैं। उन्होंने आशा जताई कि कांग्र्रेस समेत पूरा विपक्ष राजनीति छोड़ विकास के हर कदम में सरकार का साथ देगा। जनता ने उनसे भी कुछ आशाएं लगा रखी हैैं।

श्रम सुधारों के कठिन रास्ते पर आगे बढ़ने की साहसिक पहल

एक इंजेक्शन से ठीक नहीं हो सकती 60 साल की बीमारी: वीके सिंह