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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 16, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

आयकर विभाग ने सार्वजनिक किए 31 डिफॉल्टरों के नाम

By Sanjay BhardwajEdited By:
Published: Thu, 16 Apr 2015 01:19 AM (GMT+05:30)Updated: Thu, 16 Apr 2015 01:55 AM (GMT+05:30)

आयकर विभाग ने बुधवार को 31 ऐसे डिफॉल्टरों की नई सूची जारी कर दी। इन पर सरकार का 1,500 करोड़ ...और पढ़ें

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नई दिल्ली। आयकर विभाग ने बुधवार को 31 ऐसे डिफॉल्टरों की नई सूची जारी कर दी। इन पर सरकार का 1,500 करोड़ रुपये बकाया है। विभाग ने टैक्स नहीं चुकाने वाले बड़े लोगों के नाम उजागर कर उन्हें शर्मिंदा करने की रणनीति के तहत यह कदम उठाया है। एक माह में विभाग ने इस तरह की दूसरी सूची जारी की है। इससे पहले सूची में 18 इकाइयों का नाम था जिन पर कुल 500 करोड़ रुपये से अधिक का बकाया था।

कुछ बड़े डिफॉल्टरों में हैदराबाद की टोटेम इंफ्रास्ट्रक्चर (401.64 करोड़), पुणे की पाथेजा ब्रदर्स फोर्जिंग (224.05 करोड़), हैदराबाद की रॉयल फैब्रिक्स (158.94 करोड़) और मुंबई की होम ट्रेड (72.18 करोड़ रुपये) शामिल हैं। इन पर आयकर व कॉरपोरेट टैक्स की बड़ी रकम बकाया है। विभाग ने इन्हें अपना बकाया जल्द से जल्द चुकाने को कहा है। ये ऐसे बकायेदार हैं जिनका पता नहीं चल पाया या फिर उनसे वसूली के लिए पर्याप्त संपत्तियां नहीं थीं। सरकार की ओर से संसद में दिए बयान के अनुसार दिसंबर, 2014 तक कुल 3,11,080 करोड़ रुपये की कॉरपोरेट कर की वसूली लंबित थी।

ट्रांसपोर्ट भत्ते पर छूट दोगुना

नई दिल्ली : वित्त मंत्रालय ने गुरुवार को यातायात भत्ते यानी ट्रांसपोर्ट अलाउंस पर कर छूट की सीमा बढ़ाकर 1,600 रुपये प्रति माह करने की अधिसूचना जारी कर दी। इसका एलान वित्त मंत्री अरुण जेटली ने चालू वित्त वर्ष के बजट में किया था। पहले यह छूट सीमा 800 रुपये प्रति माह थी। छूट सीमा बढ़ने से आयकरदाताओं को अब हर साल 19,200 रुपये की कर राहत मिलेगी। पूर्व छूट सीमा के तहत यह राशि सालाना 9,600 रुपये बैठती थी।

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