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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 14, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

शातिर महिला पहले जाल में फंसाती थी, फिर शिकार का करती थी बुरा हाल

By Sunil Kumar JhaEdited By:
Published: Fri, 14 Jul 2017 12:14 PM (IST)Updated: Fri, 14 Jul 2017 12:16 PM (IST)

यमुनानगर में एक शातिर महिला पहले लोगों को अपने जाल में फंसाती थी और इसके बाद दुष्‍कर्म का केस कर ...और पढ़ें

शातिर महिला पहले जाल में फंसाती थी, फिर शिकार का करती थी बुरा हाल
शातिर महिला पहले जाल में फंसाती थी, फिर शिकार का करती थी बुरा हाल

जेएनएन, यमुनानगर। एक महिला लाेगों को जाल में फंसाती थी अौर फिर दुष्कर्म का झूठा आरोप लगाकर समझौते के नाम पर लाखों रुपये वसूलती थी। उसने एक युवक को भी जाल में फंसाया और दुष्‍कर्म का केस कर ब्‍लै‍कमेल करने लगी, लेकिन इस बार उसका दांव उल्‍टा पड़ गया और पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। उसके पति, जीजा आैर एक अन्‍य महिला की भी गिरफ्तार किया गया है। यह महिला एक एचसीएस अफसर सहित अब तक 24 लोगों को अपना श्‍ािकार बना चुकी थी।

दुष्‍कर्म का केस कर एेंठती थी लाखों, एचसीएस अफसर व डिप्‍टी सीएमओ सहित 24 को बना चुकी थी शिकार

पुलिस ने आरोपियों के पास से एक रिवॉल्वर व आठ कारतूस भी बरामद किए हैं। जांच में सामने आया है कि महिला अब तक तकरीबन 24 लोगों को अपना शिकार बना चुकी है। इनमें एक डिप्टी सीएमओ और जिले का एक एचपीएस अधिकारी भी शामिल हैं।

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पड़ोसी युवक को फंसाया तो फूटा भांडा, पति और जीजा सहित पहुंची जेल

जानकारी के अनुसार, बूडिय़ा के ग्रीन विहार कॉलोनी की रहने वाली इस महिला ने 7 जुलाई को महिला थाने में शिकायत दी थी कि उसके पड़ोसी हनी गर्ग ने 15 अक्टूबर 2016 को घर में नहाते समय उसकी वीडियो क्लिप बना ली थी। हनी उसे ब्लैकमेल कर दुष्कर्म करता रहा। इसके साथ ही हनी ने 6 जनवरी 2017 को उससे चार लाख रुपये मांगे।

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महिला ने एक दिन जब वह घर पर अकेली थी तो घर के बाहर हनी गर्ग की दादी दर्शना व माता ऊषा गर्ग खड़ी थी। इसी दौरान छत के रास्ते से हनी और उसका भाई शिवम घर में घुस आए और उसे जबरदस्ती तेजाब पिला दिया। पुलिस ने हनी और उसके परिजनों के खिलाफ शिकायत के आधार पर केस दर्ज किया था और जांच सीआइए-टू इंचार्ज संदीप कुमार को सौंप दी।

समझौते के लिए मांगे थे 50 लाख

आरोप हे कि केस दर्ज कराने के बाद महिला ने हनी से समझौते के नाम पर 50 लाख रुपये मांगे। हनी ने इसकी जानकारी सीआइए इंचार्ज संदीप कुमार को दी। उन्होंने एएसआइ अशोक, महिला एएसआइ सुषमा, सिपाही शिवानी, हेड कांस्टेबल रवि प्रकाश, राजेंद्र कुमार, सि. हरजीत सिंह की एक टीम बनाई।

योजना के अनुसार, हनी महिला से समझौते को तैयार हो गया। दो लाख रुपये लेने के लिए महिला ने हनी को अग्रसेन चौक के पास पेट्रोल पंप के सामने बुलाया। महिला वहां अपने पति, जीजा और एक अन्‍य महिला के साथ पहुंची। इसी दौरान, आसपास सादे कपड़ों में तैनात पुलिसकर्मियों ने महिला, उसके पति राजिंद्र, जीजा करनाल के गांव गौरगढ़ निवासी गुरमीत सिंह व एक अन्य महिला को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद पूछताछ में सारे मामले का खुलासा हो गया।

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दो दिन का रिमांड लिया : एसपी

एसपी राजेश कालिया ने बताया कि गिरोह को कोर्ट में पेश कर दो दिन के रिमांड पर लिया है। पूछताछ में कुछ और नाम सामने आ सकते हैं।