यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 14, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Shani Dhaiya: सिंह राशि के जातकों को कब मिलेगी शनि की ढैय्या से मुक्ति, ऐसे करें शनिदेव को प्रसन्न
सनातन धर्म में रविवार का दिन आत्मा के कारक सूर्य देव को समर्पित होता है। इस दिन सूर्य देव और ...और पढ़ें

HighLights
- आत्मा के कारक सूर्य देव सिंह राशि के स्वामी हैं।
- मेष राशि पर सूर्य देव की विशेष कृपा बरसती है।
- शिव जी की पूजा करने से संकटों का नाश होता है।
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। ज्योतिष शास्त्र में शनिदेव को मोक्ष प्रदाता कहा जाता है। शनिदेव की पूजा करने से साधक को करियर और कारोबार में मनमुताबिक सफलता मिलती है। साथ ही सभी प्रकार के संकटों से भी मुक्ति मिलती है। कहते हैं कि शनिदेव की पूजा करने से जीवन में आने वाली बलाएं भी टल जाती हैं। इसके लिए लोग हर शनिवार के दिन शनिदेव की पूजा की जाती है।
वर्तमान समय में मेष राशि के जातकों पर साढ़ेसाती का पहला चरण चल रहा है। वहीं, मीन राशि के जातकों पर साढ़ेसाती का दूसरा चरण चल रहा है। जबकि, कुंभ राशि के जातकों पर अंतिम चरण चल रहा है। लेकिन क्या आपको पता है कि सिंह राशि के जातकों को कब शनि की ढैय्या से मुक्ति मिलेगी? आइए, इसके बारे में सबकुछ जानते हैं-
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सिंह राशि के स्वामी आत्मा के कारक सूर्य देव हैं और आराध्य जगत के पालनहार भगवान विष्णु हैं। इस राशि का शुभ रंग सुनहरा है और शुभ अंक पांच है। सिंह राशि के जातकों पर भगवान विष्णु की विशेष कृपा रहती है। उनकी कृपा से सात्विक गुणों का विकास होता है। वहीं, सूर्य देव की कृपा से सिंह राशि के जातकों को करियर में मनमुताबिक सफलता मिलती है। सिंह राशि के जातक रोजाना पूजा के समय सूर्य देव को जल अर्पित करें और विष्णु चालीसा का पाठ करें।
कब मिलेगी शनि की ढैय्या से मुक्ति?
न्याय के देवता शनिदेव 02 जून, 2027 तक मीन राशि में रहेंगे। इसके अगले दिन 03 जून को शनिदेव राशि परिवर्तन करेंगे। शनिदेव 03 जून को मीन राशि से निकलकर मेष राशि में गोचर करेंगे। शनिदेव के राशि परिवर्तन करने से सिंह राशि के जातकों को शनि की ढैय्या से मुक्ति मिलेगी। इसके साथ ही कुंभ राशि के जातकों को साढ़ेसाती से मुक्ति मिलेगी।
शनि देव को कैसे करें प्रसन्न?
शनिदेव के आराध्य भगवान कृष्ण हैं। भगवान कृष्ण की पूजा करने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। इसके साथ ही हनुमान जी की पूजा करने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। इसके लिए हर मंगलवार और शनिवार के दिन हनुमान जी की पूजा करें। साथ ही पूजा के समय हनुमान चालीसा का पाठ करें। इसके अलावा, सोमवार और शनिवार के दिन गंगाजल में काले तेल मिलाकर भगवान शिव का अभिषेक करें। इन उपायों को करने से न्याय के देवता प्रसन्न होते हैं।
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