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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 18, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Masik Krishna Janmashtami 2025: मासिक जन्माष्टमी की पूजा में करें कृष्ण जी के नाम मंत्रों का जप

Published: Wed, 18 Jun 2025 07:30 AM (IST)Updated: Wed, 18 Jun 2025 09:07 AM (IST)

मासिक कृष्ण जन्माष्टमी पर भगवान श्रीकृष्ण की पूजा का विशेष महत्व है जो हर माह की कृष्ण पक्ष की अष्टमी ...और पढ़ें

Masik Krishna Janmashtami 2025 (Picture Credit: Freepik)
Masik Krishna Janmashtami 2025 (Picture Credit: Freepik)

HighLights

  1. हर माह की कृष्ण अष्टमी पर मनाई जाती है मासिक जन्माष्टमी।
  2. इस दिन पर की जाती है भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना।
  3. साधक को मिलता है भगवान श्रीकृष्ण का आशीर्वाद।

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हर माह में आने वाली मासिक कृष्ण जन्माष्टमी को भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना के लिए खास माना गया है। मासिक कृष्ण जन्माष्टमी के दिन विधि-विधान से कान्हा जी की पूजा करने से साधक को मनचाहे फल की प्राप्ति हो सकती है।

भगवान श्रीकृष्ण के 108 नाम

1. ॐ परात्पराय नमः।

2. ॐ सर्वग्रह रुपिणे नमः।

3. ॐ सर्वभूतात्मकाय नमः।

4. ॐ दयानिधये नमः।

5. ॐ वेदवेद्याय नमः।

6. ॐ तीर्थकृते नमः।

7. ॐ पुण्य श्लोकाय नमः।

8. ॐ पन्नगाशन वाहनाय नमः।

9. ॐ परब्रह्मणे नमः।

10. ॐ नारायणाय नमः।

11. ॐ दानवेन्द्र विनाशकाय नमः।

12. ॐ यज्ञभोक्त्रे नमः।

13. ॐ दामोदराय नमः।

14. ॐ गीतामृत महोदधये नमः।

15. ॐ अव्यक्ताय नमः।

16. ॐ पार्थसारथये नमः।

17. ॐ बर्हिबर्हावतंसकाय नमः।

18. ॐ युधिष्ठिर प्रतिष्ठात्रे नमः।

19. ॐ बाणासुर करान्तकाय नमः।

20. ॐ वृषभासुर विध्वंसिने नमः।

21. ॐ वेणुनाद विशारदाय नमः।

22. ॐ जगन्नाथाय नमः।

23. ॐ जगद्गुरवे नमः।

24. ॐ भीष्ममुक्ति प्रदायकाय नमः।

25. ॐ विष्णवे नमः।

26. ॐ सुभद्रा पूर्वजाय नमः।

27. ॐ जयिने नमः।

28. ॐ सत्यभामारताय नमः।

29. ॐ सत्य सङ्कल्पाय नमः।

30. ॐ सत्यवाचे नमः।

31. ॐ विश्वरूपप्रदर्शकाय नमः।

32. ॐ विदुराक्रूर वरदाय नमः।

33. ॐ दुर्येधनकुलान्तकाय नमः।

34. ॐ शिशुपालशिरश्छेत्रे नमः।

35. ॐ कृष्णाव्यसन कर्शकाय नमः।

36. ॐ अनादि ब्रह्मचारिणे नमः।

37. ॐ नाराकान्तकाय नमः

38. ॐ मुरारये नमः।

39. ॐ कंसारये नमः।

40. ॐ संसारवैरिणे नमः।

(Picture Credit: Freepik) (AI Image)

आषाढ़ माह की मासिक कृष्ण जन्माष्टमी का व्रत 18 जून को किया जाएगा। इस दिन पर पूजा का मुहूर्त रात 12 बजकर 43 मिनट से देर रात 1 बजकर 24 मिनट तक रहने वाला है। 

41. ॐ परमपुरुषाय नमः।

42. ॐ मायिने नमः।

43. ॐ कुब्जा कृष्णाम्बरधराय नमः।

44. ॐ नरनारयणात्मकाय नमः।

45. ॐ स्यमन्तकमणेर्हर्त्रे नमः।

46. ॐ तुलसीदाम भूषनाय नमः।

47. ॐ बृन्दावनान्त सञ्चारिणे नमः।

48. ॐ बलिने नमः।

49. ॐ द्वारकानायकाय नमः।

50. ॐ मथुरानाथाय नमः।

51. ॐ मधुघ्ने नमः।

52. ॐ कञ्जलोचनाय नमः।

53. ॐ कामजनकाय नमः।

54. ॐ निरञ्जनाय नमः।

55. ॐ अजाय नमः।

56. ॐ सर्वपालकाय नमः।

57. ॐ गोपालाय नमः।

58. ॐ गोवर्थनाचलोद्धर्त्रे नमः।

59. ॐ पारिजातापहारकाय नमः

60. ॐ पीतवसने नमः।

61. ॐ वनमालिने नमः।

62. ॐ वनमालिने नमः।

63. ॐ यादवेंद्राय नमः।

64. ॐ यदूद्वहाय नमः।

65. ॐ यादवेंद्राय नमः।

66. ॐ परंज्योतिषे नमः।

67. ॐ इलापतये नमः।

68. ॐ कोटिसूर्यसमप्रभाय नमः।

69. ॐ योगिने नमः।

70. ॐ गोपगोपीश्वराय नमः।

71. ॐ तमालश्यामलाकृतिये नमः।

72. ॐ उत्तलोत्तालभेत्रे नमः।

73. ॐ यमलार्जुनभञ्जनाय नमः।

74. ॐ तृणीकृत तृणावर्ताय नमः।

75. ॐ धेनुकासुरभञ्जनाय नमः।

76. ॐ अनन्ताय नमः।

77. ॐ वत्सवाटिचराय नमः।

78. ॐ योगिनांपतये नमः।

79. ॐ गोविन्दाय नमः।

80. ॐ शुकवागमृताब्दीन्दवे नमः।

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मासिक कृष्ण जन्माष्टमी की पूजा में आप लड्डू कान्हा जी को उनकी प्रिय चीजें जैसे माखन मिश्री का भोग लगा सकते हैं। भोग में तुलसी दल शामिल करना न भूलें करें, क्योंकि इसके बिना कान्हा जी का भोग अधूरा माना जाता है। 

81. ॐ मधुराकृतये नमः।

82. ॐ त्रिभङ्गिने नमः।

83. ॐ षोडशस्त्रीसहस्रेशाय नमः।

84. ॐ मुचुकुन्दप्रसादकाय नमः।

85. ॐ नवनीतनटनाय नमः।

86. ॐ नवनीतविलिप्ताङ्गाय नमः।

87. ॐ सच्चिदानन्दविग्रहाय नमः।

88. ॐ नन्दव्रजजनानन्दिने नमः।

89. ॐ शकटासुरभञ्जनाय नमः।

90. ॐ पूतनाजीवितहराय नमः।

91. ॐ बलभद्रप्रियनुजाय नमः।

92. ॐ यमुनावेगासंहारिणे नमः।

93. ॐ नन्दगोपप्रियात्मजाय नमः।

94. ॐ श्रीशाय नमः।

95. ॐ देवकीनन्दनाय नमः।

96. ॐ सङ्खाम्बुजायुदायुजाय नमः।

97. ॐ चतुर्भुजात्तचक्रासिगदा नमः।

98. ॐ हरिये नमः।

99. ॐ यशोदावत्सलाय नमः।

100. ॐ श्रीवत्सकौस्तुभधराय नमः।

101. ॐ लीलामानुष विग्रहाय नमः।

102. ॐ पुण्याय नमः।

103. ॐ वसुदेवात्मजाय नमः।

104. ॐ सनातनाय नमः।

105. ॐ वासुदेवाय नमः।

106. ॐ कमलनाथाय नमः।

107. ॐ कृष्णाय नमः।

108. ॐ ॐ अनंताय नमः।

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