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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 01, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Punjab Election 2022: सीएम चन्नी को 2 महीने से चल रही थी भदौड़ से उतारने की तैयारी, जानें क्या है वजह

By Vipin KumarEdited By:
Published: Tue, 01 Feb 2022 08:46 AM (IST)

चन्नी के भदौड़ से चुनाव मैदान में उतरने के लिए उनके करीबी दोस्त उद्योगपति सुशील कुमार बंसल ने अहम भूमिका ...और पढ़ें

चरणजीत सिंह चन्नी काे भदाैड़ से लड़ाने की 2 महीने से चल रही थी तैयारी। (फाइल फाेटाे)
चरणजीत सिंह चन्नी काे भदाैड़ से लड़ाने की 2 महीने से चल रही थी तैयारी। (फाइल फाेटाे)

हेमंत राजू, बरनाला। Punjab Election 2022: जिले के आरक्षित विधानसभा हलका भदौड़ से कांग्रेस की तरफ से मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को चुनाव मैदान में उतारने के बाद उन्होंने सोमवार को यहां से नामांकन पत्र भी दाखिल कर दिया। परंतु यह बात अब तक पर्दे में थी कि कांग्रेस हाईकमान ने यह फैसला अचानक नहीं लिया बल्कि इसके लिए 2 महीने पहले ही तैयारी शुरू हो गई गई थी।

चन्नी के भदौड़ से चुनाव मैदान में उतरने के लिए उनके करीबी दोस्त उद्योगपति सुशील कुमार बंसल ने अहम भूमिका निभाई। चन्नी के साथ उनकी परछाई की तरह रहने वाले सुशील के साथ ही पूर्व सेहत मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू की भूमिका भी खास रही। सुशील बंसल के पूर्व रेल मंत्री पवन कुमार बंसल के साथ भी बेहतर संबंध हैं।

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रेल मंत्री पवन बंसल का पैतृक कस्बा है तपा

सूत्रों के अनुसार दो महीने पहले तपा आए मुख्यमंत्री चन्नी को पूर्व मंत्री सिद्धू ने भदौड़ से न केवल चुनाव लड़ने के लिए कहा बल्कि यह आश्वासन भी दिया कि वह उनके साथ हैं। तपा सिद्धू ही नहीं बल्कि पूर्व रेल मंत्री पवन बंसल का पैतृक कस्बा है। सिद्धू और बंसल दोनों ही भदौड़ में अच्छा प्रभाव रखते हैं। यही बात पार्टी हाईकमान के ध्यान में भी लाई गई कि चन्नी को अगर दो सीटों से चुनाव लड़वाया जाता है तो भदौड़ से मैदान में उतारा जाए। हाईकमान ने भी इस पर मुहर लगा दी। गाैरतलब है कि पंजाब में कांग्रेस बगावत से जूझ रही है। कई सीटाें पर नए प्रत्याशी उतारने के बाद पार्टी में घमासान तेज हाे गया है। नवांशहर में ही विधायक अंगद सिंह ने आजाद चुनाव लड़ने का फैसला किया है, जिसके चलते पार्टी काे नुकसान हाे सकता है।

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