बारिश ने बढ़ा दी है घर में सीलन की परेशानी, तो इसे कम करने में मदद करेंगे 5 आसान टिप्स
बारिश का मौसम जहां एक तरफ गर्मी से राहत दिलाता है वहीं दूसरी ओर अपने साथ कई परेशानियां भी लाता है जिनमें से एक बड़ी समस्या है घर में सीलन का बढ़ना (Home Dampness)। दीवारों पर फफूंद अजीब-सी बदबू और पेंट का उखड़ना -ये सब सीलन की ही निशानियां हैं। अगर आप भी इस परेशानी से जूझ रहे हैं तो यह आर्टिकल आपके लिए ही है।

लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। इस आर्टिकल में हम आपके लिए लाए हैं 5 ऐसे आसान और कारगर उपाय, जिनकी मदद से आप अपने घर की सीलन (Home Dampness) को काफी हद तक कम कर सकते हैं और अपने आशियाने को फिर से फ्रेश बना सकते हैं। जी हां, बरसात में मौसम में कई घरों में सीलन की प्रॉब्लम बढ़ जाती है, जिससे पीछा छुड़ाना आसान काम नहीं होता। ऐसे में, आप यहां दिए 5 टिप्स (How To Remove Dampness From Walls) अपनाकर इस समस्या को काफी हद तक कंट्रोल कर सकते हैं।
लीकेज को तुरंत कराएं ठीक
अक्सर सीलन का कारण दीवारों या छत में कोई छोटी-सी दरार या लीकेज होता है। अगर आपको कहीं भी पानी टपकता हुआ या दीवार पर नमी का पैच दिख रहा है, तो उसे नजरअंदाज न करें। तुरंत किसी प्लंबर या मिस्त्री को बुलाकर उसे ठीक करवाएं, क्योंकि जब तक लीकेज ठीक नहीं होगा, सीलन की समस्या बनी रहेगी।
घर के अंदर आने दें धूप
सीलन की सबसे बड़ी दुश्मन है ताजी हवा और धूप। बारिश के दिनों में अक्सर हम खिड़कियां बंद रखते हैं, जिससे घर के अंदर हवा का सर्कुलेशन कम हो जाता है। जब भी बारिश रुके और धूप निकले, अपनी खिड़कियां और दरवाजे खोल दें। इससे घर के अंदर की नमी बाहर निकल जाएगी और ताजी हवा अंदर आएगी। बता दें, यह सीलन को कम करने का सबसे जरूरी स्टेप है।
यह भी पढ़ें- कितने सेफ हैं आपके घर को साफ रखने वाले प्रोडक्ट्स? जानें इसके गंभीर नुकसान
एग्जॉस्ट फैन का करें यूज
किचन और बाथरूम वो जगहें हैं जहां नमी ज्यादा होती है। खाना बनाते समय या नहाने के बाद एग्जॉस्ट फैन चलाना न भूलें। ये नमी को बाहर निकालने में बहुत मदद करते हैं। वहीं, अगर आपके घर में सीलन की समस्या बहुत ज्यादा है, तो आप एक डीह्यूमिडिफायर (Dehumidifier) खरीदने के बारे में सोच सकते हैं। यह हवा से एक्स्ट्रा नमी को सोख लेता है और घर को ड्राई रखने में मदद करता है।
नीम और नमक का यूज
ये दोनों नेचुरल चीजें सीलन और फफूंद से लड़ने में बहुत कारगर हैं। आप एक कटोरी में सेंधा नमक भरकर उसे उस जगह पर रखें जहां सीलन ज्यादा है। बता दें, नमक हवा से नमी को सोख लेता है, फिर जब कुछ दिनों में नमक गीला हो जाए तो उसे बदल दें। इसी तरह, नीम की पत्तियां या नीम का तेल भी फफूंद को बढ़ने से रोकते हैं। आप चाहें, तो उस हिस्से पर नीम के पानी का भी छिड़काव कर सकते हैं।
फर्नीचर को करें दूर
दीवारों से सटाकर रखे गए फर्नीचर या अन्य सामान अक्सर सीलन को और भी ज्यादा बढ़ा सकते हैं, क्योंकि उनके पीछे हवा की आवाजाही नहीं हो पाती। ऐसे में, फर्नीचर को दीवारों से कम से कम 2-3 इंच की दूरी पर रखें, जिससे हवा आसानी से आर-पार हो पाएगी और दीवारों पर नमी जमा नहीं होगी। साथ ही, अलमारियों और स्टोर-रूम्स को भी समय-समय पर खोलकर हवा लगने दें।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।