Himachal Panchayat Chunav: हिमाचल में पंचायत चुनाव टाले, उपायुक्तों की सिफारिश के बाद सरकार ने जारी की अधिसूचना
Himachal Panchayat Chunav, हिमाचल प्रदेश में पंचायत चुनाव टालने की सिफारिश के बाद सरकार ने इस पर फैसला ले लिया है। मुख्य सचिव ने अधिसूचना भी जारी कर दी है। राज्य चुनाव आयोग ने चुनाव कराने की तैयारी कर ली थी, मतदाता सूची भी अपडेट हो चुकी थीं। उपायुक्तों के पत्र के बाद सरकार ने यह फैसला लिया है।

हिमाचल प्रदेश में पंचायत चुनाव टाल दिए गए हैं। प्रतीकात्मक फोटो
जागरण टीम, हमीरपुर। Himachal Panchayat Chunav, हिमाचल प्रदेश में आगामी दिसंबर में प्रस्तावित पंचायत चुनाव टाल दिए गए हैं। हिमाचल प्रदेश में दिसंबर में त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं और शहरी निकाय चुनाव प्रस्तावित थे। इस संबंध में उपायुक्तों ने पंचायती राज विभाग के सचिव को पत्र लिखकर आपदा का हवाला देकर चुनाव टालने की मांग रखी थी।
इसके बाद हिमाचल प्रदेश के मुख्य सचिव संजय गुप्ता ने चुनाव टालने की अधिसूचना जारी कर दी है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि जब तक सड़कों की स्थिति और आधारभूत ढांचे को लेकर जिला उपायुक्तों से चुनाव करवाने के पक्ष में रिपोर्ट नहीं आती तब तक के लिए चुनाव टाल दिए हैं।
उपायुक्तों ने सिफारिश में दिए थे ये तर्क
आज वीरवार को ही विभिन्न जिलाें के उपायुक्तों ने पंचायत चुनाव टालने की सिफारिश की थी। उन्होंने लिखा था कि वर्ष 2025 में मानसून के दौरान भारी आपदा के कारण जान व माल का बहुत नुकसान हुआ है। इसमें सरकारी संपत्तियों भवनों, सड़कों, पुलों और निजी संपत्तियों को बहुत अधिक नुकसान हुआ है।
ऐसे में आपदा राहत कार्य में अधिकारी और कर्मचारी व्यस्त हैं, इनसे चुनाव का कार्य करवाया जा रहा है। ऐसे में आपदा राहत कार्यों को देखते हुए आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत चुनाव को टाला जाए।
उपायुक्त हमीरपुर ने भी लिखा पत्र
जिला हमीरपुर के उपायुक्त ने भी इस संबंध में सरकार को पत्र भेजा था। उपायुक्त हमीरपुर अमरजीत सिंह ने इस संबंध में सचिव पंचायती राज विभाग को पत्र भेजा है। उन्होंने बरसात के कारण हुए भारी नुकसान का हवाला देते हुए यह मांग उठाई है।
उन्होंने लिखा है कि भारी बरसात के कारण गांव के रास्ते व सड़कें टूट चुकी हैं। ऐसे में इस समय पंचायत चुनाव करवाना व्यवहारिक नहीं है। लोगों की निजी संपत्ति को भी भारी नुकसान हुआ है। ऐसे में पंचायत चुनाव को टाल देना चाहिए।
बरसात के मौसम में हुआ भारी नुकसान
हिमाचल प्रदेश में इस बरसात के मौसम में भारी बारिश के कारण बहुत ज्यादा नुकसान हुआ है। सात हजार करोड़ रुपये से ज्यादा के नुकसान का अनुमान है। इसके अलावा बरसात में चार सौ से ज्यादा लोगों की मौत हुई है।
दिसंबर में चुनाव करवाने की तैयारी में आयोग
प्रदेश में दिसंबर महीने में चुनाव करवाने की तैयारी थी। निर्वाचन आयोग पूरी तरह से चुनावी तैयारी में जुट चुका था। मतदाता सूचियों का प्रकाशन किया जा रहा था। वहीं आरक्षण रोस्टर जारी करने की भी तैयारी की जा रही थी, लेकिन अब आगामी आदेश तक चुनाव टाल दिए गए हैं।
3577 पंचायतों में चुनाव हैं प्रस्तावित
हिमाचल प्रदेश की 3577 पंचायतों में चुनाव करवाए जाना प्रस्तावित हैं। पंचायतों में प्रधान, उपप्रधान व वार्ड पंच के पदों को लेकर मतदान होगा। इसके अलावा 91 ब्लाॅक समिति के 1600 सदस्यों के चयन को भी मतदान होगा। 12 जिला परिषद के 249 सदस्यों के चुनाव को लेकर मतदान प्रस्तावित है।
यह भी पढ़ें: हिमाचल में पंचायत चुनाव पर शुरू हुआ संग्राम, भाजपा नेता हुए आक्रामक, ...चुनाव से भाग रही कांग्रेस की अलोकप्रिय सरकार
40 शहरी निकायों में भी होने हैं चुनाव
पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव जनवरी से पूर्व होना प्रस्तावित हैं, जबकि 40 के करीब शहरी निकायों के चुनाव जनवरी से पूर्व होने थे। बाकी निकायों के चुनाव अप्रैल से पूर्व करवाए जाना प्रस्तावित हैं।

कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।