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    ग्रेटर फरीदाबाद में धरना जारी: बड़ौली-प्रहलादपुर के ग्रामीणों की जमीन रिलीज की मांग, पूर्व मंत्री ने दिया समर्थन

    Updated: Sun, 04 Jan 2026 04:21 PM (IST)

    फरीदाबाद के बड़ौली-प्रहलादपुर गांव में केंद्रीय और राज्य मंत्रियों के आश्वासन के बावजूद भूमि अधिग्रहण के खिलाफ धरना जारी है। ग्रामीण अपनी 10-20 साल पु ...और पढ़ें

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    जमीन अधिग्रहण मुक्त कराने की मांग को लेकर धरने पर बैठे ग्रामीण के साथ पूर्व मंत्री करण सिंह दलाल, पूर्व विधायक ललित नागर व अन्य।

    जागरण संवाददाता, फरीदाबाद। केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर, प्रदेश के कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल और राज्य मंत्री राजेश नागर द्वारा ठोस आश्वासन दिए जाने के बावजूद ग्रेटर फरीदाबाद में बड़ौली-प्रहलादपुर गांव में धरना चल रहा है। रविवार को यहां प्रदेश के पूर्व मंत्री करण सिंह दलाल और पूर्व विधायक ललित नागर सहित अन्य नेता पहुंचे और धरने को समर्थन दिया।

    पूर्व विधायक ललित नागर ने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री व हरियाणा सरकार से अनुरोध करते है कि मौका मुआयना किया जाए और गांवों में जो घर 10 से 20 साल पुराने बसे हुए है, उनको रिलीज किया जाए और कानून भी यह कहता है कि जिन जमींदारों ने दस वर्ष से न तो कब्जा दिया न मुआवजा दिया, उनको हरियाणा सरकार द्वारा रिलीज कर देना चाहिए।

    नागर ने कहा कि इस कडक़ड़ाती ठंड में बुजुर्ग, युवा, महिलाएं व बच्चे सभी खुले मैदान में अपने आशियानों को बचाने के लिए एकजुट हुए हैं और उनकी यह मांग पूरी तरह से जायज भी है। ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा है कि जब तक हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण इस जमीन को अधिग्रहण मुक्त नहीं करेगा, धरना जारी रहेगा।

    सेक्टर-80 के लिए हो चुकी अधिग्रहित

    उधर प्राधिकरण के अधिकारी इस जमीन को सेक्टर-80 के लिए अधिग्रहण कर चुका है। यहां 68 लोगों ने प्लाट भी खरीद लिए हैं और इनकी एवज में पूरा भुगतान भी किया जा चुका है। अब यदि इस जमीन को अधिग्रहण मुक्त किया जाता है तो 68 लोगों को प्लाट नहीं मिलेंगे। इनका पैसा ब्याज सहित प्राधिकरण को लौटाना होगा। लेकिन प्लाट धारक पैसा लेने को तैयार नहीं हैं।

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    वह तो केवल प्लाट की मांग कर रहे हैं और इस मामले को लेकर कोर्ट का दरवाजा खटखटा चुके हैं। इसलिए अब प्राधिकरण के लिए जमीन अधिग्रहण मुक्त करना आसान नहीं है। उधर गांव बचाओ संघर्ष समिति के अध्यक्ष वीरपाल गुर्जर ने बताया कि उनकी जमीन को जबरन अधिग्रहण किया गया था।

    इसलिए ग्रामीण कोर्ट गए। उनकी मांग है कि जहां मकान बने हुए हैं, उस जगह को रिलीज किया जाए और यदि सरकार जमीन लेना चाहती है तो प्रति एकड़ पर 1500 वर्ग गज का प्लाट किसानों को मिलना चाहिए। इस दौरान सूरज चंदीला, किसान यूनियन के अध्यक्ष जितेंद्र भाटी, भोपाल प्रधान, अजब नागर, रोहताश चौधरी, भगत, विक्रम चंदीला, अशोक गौतम एडवोकेट, डीपी नागर एडवोकेट, रामकुमार नागर मौजूद थे।

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