यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 13, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
पंजाब विधानसभा में कांग्रेस MLA ने जमाया डेरा, मनाने पहुंचे बादल की भी नहीं सुनी
पंजाब विधानसभा में गत रात्रि धरना देने के बाद बाहर आए विधायकों को दोबारा गेट के अंदर नहीं जाने दिया गया। इसके बाद विधायकों ने बाहर ही धरना प्रदर्शन किया।

चंडीगढ़ (वेब डेस्क)। पंजाब विधानसभा में धरने पर कांग्रेस विधायकों को मनाने के लिए मंगलवार दोपहर मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल विधानसभा पहुंचे। उन्होंने विधायकों से हठ छोड़कर वार्ता का रास्ता अख्तियार करने की अपील की, लेकिन विधायकों ने उनकी बात को अनसुना कर दिया। नेता प्रतिपक्ष चरणजीत सिंह चन्नी से जब बादल धरना खत्म करने की अपील कर रहे थे तो उन्होंने कहा कि आप धरना खत्म करने के लिए क्या प्रस्ताव लेकर आए हैं। इस पर बादल ने कहा कि वह स्पीकर के साथ बैठकर मुद्दे सुलझाएं, लेकिन कांग्रेसी टस से मस नहीं हुए। बादल ने कहा कि यह स्वस्थ लोकतांत्रिक परंपरा नहीं है। इसके बाद बादल वहां से चले गए।
इससे पूर्व, पंजाब विधानसभा के गत रात्रि से धरने पर बैठे कांग्रेस के आधे दर्जन विधायक जब मंगलवार सुबह नित्यकर्म के लिए अपने घर गए और फिर दोबारा विधानसभा के भीतर दाखिल होने लगे तो उन्हें गेट पर ही रोक दिया गया। इससे गुस्साए विधायकों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और सरकार की पुतला फूंका। इसके बाद विधान सभा के निकट स्थित हाईकोर्ट चौक पर धरने पर बैठ गए। वहीं, कुछ विधायक अभी भी विधानसभा के अंदर धरने पर डटे हैैं।
पंजाब विधानसभा में कांग्रेस विधायकों ने डाला डेरा, देखें तस्वीरें

हाई कोर्ट चौक पर धरना देते कांग्रेस विधायक।
गेट पर विधायकों को कहा गया कि आज बकरीद की छुट्टी होने के कारण वह विधानसभा के अंदर नहीं जा सकते। अभी भी विधानसभा के अंदर करीब दो दर्जन से ज्यादा विधायक बैठे हुए हैं। हाई कोर्ट चौक के पास रोके गए विधायकों में लाल सिंह, राजिंदर कौर भट्ठल, ब्रह्म मोहिंदरा, राजकुमार वेरका, अमरीक सिंह, केवल ढिल्लों, सुंदर श्याम अरोड़ा आदि शामिल हैं। सचिवालय के अतिरिक्त सचिव के अनुसार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. चरणजीत सिंह अटवाल के मौखिक आदेश के कारण विधानसभा में किसी की भी एंट्री को बंद कर दिया गया है।
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पंजाब विधानसभा के भीतर सरकार के खिलाफ रोष जताते विधायक।
बता दें, अविश्वास प्रस्ताव गिरने से खफा कांग्रेस विधायकों ने गत रात सदन में डेरा जमा दिया और दोबारा बहस की मांग कर रहे थे। विपक्ष के नेता चरणजीत सिंह चन्नी ने कहा कि जब तक दोबारा बहस नहीं होती वह डटे रहेंगे। इनमें से कुछ विधायक सुबह नित्य कर्म के लिए घर गए हुए थे। जब वह लौटे तो उन्हें अंदर जाने नहीं दिया गया। इस बीच, विधानसभा के अंदर धरने पर बैठे कांग्रेस विधायक संगत सिंह गिलजियां का शुगर लेबल बढ़ने के कारण इन्सुलिन भेजी गई।
