यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 10, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
अलकायदा छोड़कर आइएस में शामिल हो रहे हैं आतंकी
कभी खौफ का पर्याय रहे आतंकी संगठन अल कायदा से संबंद्ध आतंकी अब आइएस में शामिल हो रहे हैं। वाशिंगटन ...और पढ़ें

वाशिंगटन। कभी खौफ का पर्याय रहे आतंकी संगठन अल कायदा से संबंद्ध आतंकी अब आइएस में शामिल हो रहे हैं। वाशिंगटन पोस्ट की एक रिपोर्ट में यह बात कही गई है। आइएस ने इराक और सीरिया के बड़े हिस्से पर कब्जा कर लिया है और अमेरिका उसे अपने हवाई हमलों का निशाना बना रहा है।
वाशिंगटन पोस्ट ने लिखा कि अल कायदा से संबद्ध कई छोटे समूह आइएस में शामिल हो रहे हैं। अखबार ने एक अमेरिकी अधिकारी के हवाले से यह रिपोर्ट प्रकाशित की है, जिसने खुफिया सूचना के आकलन के आधार पर यह दावा किया है। इसमें कहा गया है कि अगर आइएस की जीत जारी रहती है, तो यह समस्या शायद और भी गंभीर हो जाएगी। समाचार पत्र में कहा गया है कि इस्लामिक स्टेट में इन समूहों का शामिल होना इसे और भी शक्तिशाली बनाएगा। इसे इस्लामिक स्टेट ऑफ इराक और सीरिया या आइएसआइएस के नाम से भी जाना जाता है।
अधिकारी के हवाले से अखबार ने कहा कि आइएस की ओर यह झुकाव प्राथमिक तौर पर अरब प्रायद्वीप में देखा जा रहा है। अधिकारी ने कहा कि हाल के महीनों में यह क्रम बढ़ा है। इसमें लीबिया और अन्यत्र के लड़ाके भी शामिल हो रहे हैं, जो औपचारिक तौर पर अल कायदा का हिस्सा नहीं हैं।
पिछले महीने पाकिस्तान स्थित तहरीक-ए-खिलाफत दक्षिण एशिया का पहला जेहादी संगठन बना, जिसने अल कायदा से अपना नाता तोड़ा और इस्लामिक स्टेट के प्रति अपनी निष्ठा व्यक्त की।
