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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 22, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

जासूसी कांड केवल भ्रष्टाचार का केस नहीं: धर्मेंद प्रधान

By Jagran News NetworkEdited By:
Published: Sun, 22 Feb 2015 02:47 PM (IST)Updated: Sun, 22 Feb 2015 03:00 PM (IST)

पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद प्रधान ने इस मुद्दे पर रुख साफ करते हुए कहा कि यह केवल भ्रष्टाचार का मामला नहीं ...और पढ़ें

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नई दिल्ली। पेट्रोलियम मंत्रालय से गोपीनय दस्तावेज लीक होने की गंभीर घटना को सरकार केवल भ्रष्टाचार के नजरिए से ही नहीं रही, बल्कि इसके पीछे छिपे अन्य रहस्य पर भी उसकी नजर है। आज पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद प्रधान ने इस मुद्दे पर रुख साफ करते हुए कहा कि ‘यह केवल भ्रष्टाचार का मामला नहीं है, बल्कि हमें इसमें कुछ ठोस तथ्यों की भी तलाश है। इस मामले की जांच चल रही है। हम जांच पर नजर बनाए हुए हैं। जांच पूरी होने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।

दरअसल, इस मामले में कल आरोपियों को अदालत में पेश करते हुए अपराध शाखा ने भी बताया था कि आरोपियों के पास से राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण एवं गोपनीय दस्तावेज भी बरामद हुए हैं। यह दस्तावेज कई मंत्रालयों से जुड़े हुए हैं। जांच एजेंसी का कहना था कि इन दस्तावेजों से यह साबित होता है कि आरोपी राष्ट्र हित को दाव पर लगा रहे थे। पुलिस इन दस्तावेजों को ध्यान में रखते हुए आरोपियों के खिलाफ सरकारी गोपनीयता अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा सकती है।

इस मामले में दिल्ली पुलिस अब तक 12 गिरफ्तारियां कर चुकी है। इनमें कल रात ही देश की पांच बड़ी कंपनियों के अधिकारियों की गिरफ्तारी हुई। मामले में गिरफ्तार पत्रकार शांतनू सैकिया ने दावा किया है कि मंत्रालय में लगभग दस हजार करोड़ रुपए का घोटला हुआ है। उधर, गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने भी भरोसा दिलाया है कि इस अपराध में शामिल किसी भी व्यक्ति को नहीं बख्शा जाएगा।

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