विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 08, 2013 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

चुनौतियों से जूझ रहा देश: एयर चीफ मार्शल

By Edited By:
Published: Sat, 08 Jun 2013 03:45 PM (IST)Updated: Sat, 08 Jun 2013 06:14 PM (IST)

देहरादून [जासं]। ड्रिल स्क्वायर पर अंतिम पग पार करते ही 631 जेंटलमेन कैडेट्स भारतीय सेना में अधिकारी बन गए। इसके ...और पढ़ें

News Article Hero Image

देहरादून [जासं]। ड्रिल स्क्वायर पर अंतिम पग पार करते ही 631 जेंटलमेन कैडेट्स भारतीय सेना में अधिकारी बन गए। इसके अलावा मित्र देशों के 75 कैडेट्स भी अपने-अपने देश की सेनाओं के अंग बने। भारतीय सैन्य अकादमी [आइएमए] के 132वें दीक्षांत समारोह में युवा अफसरों को संबोधित करते हुए वायुसेना अध्यक्ष एयर चीफ मार्शल नॉर्मन अनिल कुमार ब्राउन ने कहा कि वर्तमान दौर चुनौतियों से भरा है और सेना चुनौतियों से निपटने के लिए हरदम तैयार है।

शनिवार को आइएमए की 132वीं पासिंग आउट परेड के शुभारंभ का नियत समय सुबह 6.40 बजे रखा गया था, मगर ऐन वक्त पर बारिश शुरू होने से परेड करीब डेढ़ घंटे विलंब से आठ बजे शुरू हुई। परेड की सलामी लेने के साथ ही एयर चीफ मार्शल नॉर्मन ब्राउन ने आइएमए कमांडेंट लेफ्टीनेंट जनरल मानवेंद्र व परेड कमांडेंट जेंटलमैन कैडेट सिद्धांत सुहाग के साथ परेड का निरीक्षण किया। साथ ही कैडेट्स को प्रशिक्षण में उत्कृष्टता के अनुसार विभिन्न अवार्ड से उन्हें नवाजा। स्वॉर्ड ऑफ ऑनर के रूप में सर्वश्रेष्ठ कैडेट का खिताब झज्जर [हरियाणा] के सिद्धांत सुहाग को मिला। जबकि झज्जर [हरियाणा] के विकास कुमार को गोल्ड मेडल से नवाजा गया। इसके अलावा चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ बैनर केरन कंपनी और बेस्ट फॉरेन जेंटलमैन कैडेट का खिताब अफगानिस्तान के अब्दुल शमीम को दिया गया।

कैडेट्स को संबोधित करते हुए एयर चीफ मार्शल ने कहा कि देश रक्षा की गंभीर चुनौतियों से गुजर रहा है। इसलिए युवा सैन्य अधिकारी के रूप में पासआउट होने जा रहे जांबाजों की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। देश को सच्चे सपूत का तोहफा देने के लिए एयर चीफ मार्शल ब्राउन ने उनके माता-पिता का आभार भी जताया। परेड के कार्यक्रम का संचालन राखी लामा व मेजर राहुल ने किया।

मोबाइल पर ताजा खबरें, फोटो, वीडियो व लाइव स्कोर देखने के लिए जाएं m.jagran.com पर