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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 08, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

एक्जिट पोल से न घबराएं, हार-जीत की जिम्मेदारी मेरी: बेदी

By anand rajEdited By:
Published: Sun, 08 Feb 2015 09:06 AM (IST)Updated: Sun, 08 Feb 2015 12:07 PM (IST)

भाजपा की मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवार किरण बेदी ने एक्जिट पोल के नतीजों को झुठलाते हुए यह दावा किया कि ...और पढ़ें

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नई दिल्ली (राज्य ब्यूरो)। भाजपा की मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवार किरण बेदी ने एक्जिट पोल के नतीजों को झुठलाते हुए यह दावा किया कि दिल्ली में भाजपा की सरकार बनेगी। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि जीत और हार दोनों के लिए वह जिम्मेदारी होंगी। बेदी ने रिकार्ड मतदान के लिए दिल्ली के मतदाताओं तथा राजनीति में लाने के लिए भाजपा का धन्यवाद किया है।

उन्होंने कहा कि जीत सच्चाई की होगी तथा एक्जिट पोल के नतीजों से परेशान होने की जरूरत नहीं है। जब चुनाव परिणाम सामने आएंगे तो इसके आंकड़े बदल जाएंगे। मतदान खत्म होने के बाद विभिन्न टीवी चैनलों पर एक्जिट पोल के नतीजे दिखाए जाने से निराश भाजपा कार्यकर्ताओं व समर्थकों को हिम्मत देते हुए बेदी ने कहा कि दिल्लीवासियों ने दिल्ली के विकास के लिए भारी मतदान किया है। गले के संक्रमण से जूझ रही बेदी की आवाज बहुत धीमी निकल रही थी। इसके बावजूद उन्होंने प्रेसवार्ता कर अपने समर्थकों का हौसला बढ़ाने की कोशिश की। चुनाव प्रचार के दौरान भी उन्हें गले का संक्रमण हुआ था। उन्होंने कहा कि दिल्ली की वर्तमान स्थिति शर्मनाक है और इसके विकास के लिए स्थायी सरकार की जरूरत है। इसलिए यहां के मतदाताओं ने भाजपा के पक्ष में मतदान किया है जिससे कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जुड़कर दिल्ली का विकास हो सके। उन्होंने दावा किया कि तमाम चैनलों में दिखाए जाने वाले एक्जिट पोल दोपहर दो बजे तक के मतदान रुझान पर आधारित हैं और इसके बाद भाजपा के पक्ष में भारी मतदान हुआ है। इसलिए एक्जिट पोल झूठे साबित होंगे।

दिल्ली विधानसभा चुनाव को नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता का पैमाना बताए जाने से इंकार करते हुए उन्होंने कहा कि दिल्ली में हार होगी या जीत इसके लिए वह जिम्मेदार होंगी। उल्लेखनीय है कि भाजपा ने पहले मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किए बगैर विधानसभा चुनाव लड़ने का फैसला किया था जिससे कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता का पूरा लाभ उसे मिल सके। लेकिन, बाद में रणनीति बदलते हुए पार्टी ने किरण बेदी को अपना मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित कर उनके नेतृत्व में चुनाव मैदान में उतरने का एलान किया। केंद्रीय शहरी विकास मंत्री वेंकैया नायडू सहित अन्य नेता दिल्ली चुनाव को मोदी सरकार की लोकप्रियता का जनमत संग्रह मानने से इंकार चुके हैं, जबकि भाजपा सांसद शत्रुघ्न सिन्हा का कहना है कि हार या जीत के लिए मोदी जिम्मेदार होंगे। वहीं, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतीश उपाध्याय का कहना है कि पन्ना प्रमुखों और भाजपा कार्यकर्ताओं की मेहनत के कारण दिल्ली में रिकार्ड वोटिंग हुई है। प्रत्येक पन्ना प्रमुख को मतदाता सूची के एक पन्ने पर दर्ज लगभग 60 मतदाताओं से संपर्क करने की जिम्मेदारी दी गई थी।

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