विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 11, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

कश्‍मीर घाटी: अलगाववादियों के आह्वान पर तीसरे दिन भी बंद

By Monika minalEdited By:
Published: Sat, 11 Feb 2017 11:01 AM (IST)Updated: Sat, 11 Feb 2017 11:12 AM (IST)

11 फरवरी को भी हुर्रियत कांफ्रेंस ने जेकेएलएफ के संस्थापक मकबूल बट की बरसी पर कश्मीर बंद का आह्वान कर रखा है।

कश्‍मीर घाटी: अलगाववादियों के आह्वान पर तीसरे दिन भी बंद
कश्‍मीर घाटी: अलगाववादियों के आह्वान पर तीसरे दिन भी बंद

श्रीनगर (राज्य ब्यूरो)। कश्मीर घाटी में शनिवार को लगातार तीसरे दिन भी अलगाववादियो के आह्वान पर बंद का व्यापक असर रहा। बंद के दौरान किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए प्रशासन ने पूरी वादी में सुरक्षा की कड़ी व्यवस्था की है।

श्रीनगर के डाउन टाउन के अलावा उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा में कई इलाकों में निषेधाज्ञा भी लगाई। उल्लेखनीय है कि कश्मीर घाटी में गत 9 फरवरी से बंद का सिलसिला जारी है। अलगाववादियों ने गत 9 फरवरी को संसद हमले के साजिशकर्ता अफजल गुरू की बरसी पर बंद का आह्वान किया था।

गत शुक्रवार को संयुक्त राष्ट्र मार्च के कारण बंद रहा और आज 11 फरवरी को भी हुर्रियत कांफ्रेंस ने जेकेएलएफ के संस्थापक मकबूल बट की बरसी पर कश्मीर बंद का आह्वान कर रखा है। मकबूल बट को 11 फरवरी 1984 को दिल्ली की तिहाड़ जेल में फांसी दी गई थी। बट की बरसी पर बंद का असर शनिवार सुबह से नजर आने लगा। सभी दुकानें और व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद हैं। सड़क पर इक्का-दुक्का निजी वाहनों के अलावा कोई सार्वजनिक वाहन दौड़ता नजर नही आया। कुछेक इलाकों में रेहड़ी फडी वाले भी मौजूद थे।

बंद के दौरान किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए प्रशासन ने सभी संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा का सख्त बंदोबस्त किया है। मीरवाइज मौलवी उमर फारुक और सईद अली शाह गिलानी समेत सभी प्रमुख अलगाववादी नेताओं को पहले ही नजरबंद किया गया है जबकि यासीन मलिक को गत रोज हिरासत में लेने के बाद श्रीनगर की सेंट्रल जेल में बंद कर दिया गया है।

यह भी पढ़ें: जम्मू कश्मीर: बारामुला में पांच लाख के इनामी हिज्ब आतंकी पकड़ा गया