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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 14, 2013 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

जलन की आग में 'दुश्मन' हुई सहेली तो लड़की ने उठाया ये कदम

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Published: Wed, 14 Aug 2013 08:31 AM (IST)Updated: Wed, 14 Aug 2013 08:49 AM (IST)

दोस्त यदि दुश्मन बन जाए, तो ज्यादा दर्द देता है। एक कॉन्वेंट कॉलेज की दो सहेलियों के बीच ऐसा ही ...और पढ़ें

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संवाददाता, आगरा। दोस्त यदि दुश्मन बन जाए, तो ज्यादा दर्द देता है। एक कॉन्वेंट कॉलेज की दो सहेलियों के बीच ऐसा ही हुआ। इंटरवल में लंच से लेकर क्लास के प्रोजेक्ट तक सारी चीजें वो साझा करती थीं। इस बीच एक सहेली डिप्टी हेड गर्ल बनी, तो ईष्र्या की आग ने दूसरी को उसका दुश्मन बना दिया। वह इतनी आक्रोशित हुई कि उसने सहेली को स्कूल के बाहर बुलाया और फिर दोस्तों के साथ मिलकर उसकी पिटाई कर दी।

स्कूल प्रशासन ने समझौते का रास्ता अपनाया, तो पीड़ित छात्रा व्यथित हो गई। डिप्रेशन में उसने आत्महत्या का प्रयास किया। अगर भाई के पहुंचने में एक मिनट भी देर हो जाती, तो उसकी जान चली जाती।

बालूगंज निवासी सुजीत की 16 वर्षीय बेटी मीनाक्षी (दोनों बदले नाम) सेंट जॉर्जेज स्कूल यूनिट 1 की कक्षा 12वीं की छात्रा है। उसकी ताजगंज निवासी राधिका से दोस्ती थी। शनिवार को स्कूल में काउंसिल मेंबर चुने गए। शिक्षकों के पैनल ने मीनाक्षी को डिप्टी हेड गर्ल और राधिका को कंप्यूटर लैब इंचार्ज बना दिया। मीनाक्षी के पिता का आरोप है कि इसके बाद से ही राधिका उनकी बेटी से जलने लगी। सोमवार को राधिका ने मीनाक्षी को फोन कर स्कूल बुलाया। मना करने पर उससे कहा कि डिप्टी हेड गर्ल बनने के बाद उसमें ज्यादा एटीट्यूड आ गया है। सहेली का कमेंट सुनकर वह एक्टिवा लेकर स्कूल पहुंची। आरोप है कि वहां पहुंचते ही राधिका ने मीनाक्षी को थप्पड़ जड़ दिए।

उसके साथ मौजूद अनुपम, शिवम गुप्ता, ईशान और वैभव ने भी उसके साथ मारपीट की। जिससे मीनाक्षी बेहोश हो गई। कॉलेज के कुछ छात्रों उसे देखा, तो उठाकर घर की ओर ले जाने लगे। इस बीच छात्रा के पिता भी वहां पहुंच गए। उन्होंने प्रिंसिपल से मामले की शिकायत की। प्रिंसिपल ने दबाव में दोनों के बीच समझौता करा दिया। घटना से मीनाक्षी डिप्रेशन में आ गई। शाम को बिना खाना खाए गुमसुम बैठी रही। परिजनों को आशंका थी कि वह कुछ कर न ले, इसलिए वे रात भर जागकर उसे देखते रहे। मंगलवार सुबह करीब सवा आठ बजे मीनाक्षी का छोटा भाई बाथरूम जा रहा था, तभी उसने बहन के कमरे के दोनों दरवाजे बंद देखे। खिड़की से झांककर देखा, तो पंखे से साड़ी लटकी थी और मीनाक्षी अपने गले में फंदा लगाए कुर्सी पर खड़ी थी। ऐसे में भाई जाली का दरवाजा तोड़कर कमरे में घुसा और बहन को ऊपर उठाकर शोर मचा दिया। पिता ने पहुंचकर गले में लटकी साड़ी काटी, उसके बाद उसे नीचे उतारा। बेहोशी की हालत में उसे एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां बाद में उसे होश आ गया।

इंस्पेक्टर रकाबगंज उदयराज सिंह ने बताया कि छात्रा के पिता की तहरीर पर थाना रकाबगंज में छह स्कूली छात्र-छात्राओं के खिलाफ बलवा, मारपीट और गाली-गलौज की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

जॉर्जेज स्कूल की पि्रंसिपल सेंट जेएस जरमाया ने बताया कि मैंने तो छुट्टी के दिन दोनों छात्राओं को तीन घंटे तक समझाकर दोनों के मन से बदले की भावना खत्म कराई थी। दबाव में समझौते के आरोप निराधार हैं।

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