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    वेनेजुएला का 'कार्टेल ऑफ द सन्स' क्या है, मादुरो केस में इतना महत्वपूर्ण क्यों?

    Updated: Mon, 05 Jan 2026 10:02 PM (IST)

    अमेरिका में वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो पर चल रहे मादक पदार्थ तस्करी मामले में 'कार्टेल ऑफ द सन्स' महत्वपूर्ण है। यह कोई संगठित गिरोह ...और पढ़ें

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    मादुरो पर ड्रग तस्करी और सैन्य भ्रष्टाचार का आरोप (फाइल फोटो)

    डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। वेनेजुएला के अपदस्थ राष्ट्रपति निकोलस मादुरो पर अमेरिका में चल रहे मादक पदार्थों की तस्करी और नार्को-टेररिज्म के मामले में 'कार्टेल ऑफ द सन्स' (कार्टेल डे लॉस सोल्स) सबसे महत्वपूर्ण तत्व है। आरोप है कि मादुरो ने इसी नेटवर्क का नेतृत्व किया, जिसमें वेनेजुएला के उच्च पदस्थ सैन्य अधिकारी शामिल थे।

    दरअसल, 'कार्टेल ऑफ द सन्स' कोई एक संगठित गिरोह नहीं, बल्कि एक ऐसी व्यवस्था है, जिसमें सशस्त्र बलों के जनरल और अधिकारी अपनी वर्दी पर लगे सूर्य के प्रतीक ('सोल्स') के नाम पर भ्रष्टाचार और कोकीन तस्करी में पूरी तरह लिप्त थे।

    इस सिस्टम के तहत सैन्य और सरकारी अधिकारी कथित तौर पर अपने पदों का दुरुपयोग करके लाभ कमाने के लिए कोकीन की खेपों को स्थानांतरित और संरक्षित करते हैं।

    अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि सैन्य ड्रग्स संलिप्तता की जांच 1990 के दशक की शुरुआत से चल रही है। पूर्व राष्ट्रपति ह्यूगो चावेज और उसके बाद में निकोलस मादुरो के शासनकाल में, यह नेटवर्क अवैध खनन, ईंधन की तस्करी और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे अपराधों तक फैल गया था।

    अभियोजकों के अनुसार, वेनेजुएला की सैन्य चौकियां और सीमा पोस्ट कोलंबिया से कोकीन आने के रास्ते में रोकती नहीं थीं। उल्टा, अधिकारी बड़ी खेपों को सुरक्षा प्रदान करते थे। कुछ खेपें राज्य नियंत्रित हवाई अड्डों और सैन्य विमानों से गुजरीं। जब्त कोकीन को बाद में सैन्य सुरक्षा में तस्करी मार्गों पर वापस भेज दिया जाता था।

    मादुरो पर आरोप है कि उन्होंने सरकारी संस्थानों का दुरुपयोग कर सिनालोआ कार्टेल और ट्रेन डी अरागुआ जैसे गिरोहों को संरक्षण दिया। वे विदेश मंत्री रहते (2006-2008) उन्होंने तस्करों को राजनयिक पासपोर्ट बेचे और ड्रग मनी ट्रांसफर के लिए राजनयिक सुविधाएं दीं।

    मादुरो की पत्नी पर भी रिश्वत लेने का आरोप

    अमेरिका के अभियोग में वेनेजुएला की प्रथम महिला सिलिया फ्लोरेस पर कोकीन तस्करी को संरक्षण देने के लिए रिश्वत लेने का आरोप लगाया गया है। आरोप है कि 2007 में उन्होंने एक तस्कर और मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान के प्रमुख के बीच बैठकें आयोजित करने के लिए रिश्वत ली थी। तस्कर कथित तौर पर मासिक रिश्वत और प्रति उड़ान लगभग 100,000 डॉलर का भुगतान करता था, जिसका एक हिस्सा फ्लोरेस को जाता था।

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