Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    Teacher Recruitment Scam: शिक्षक भर्ती घोटाले में पार्थ, सुबीरेश समेत सात आरोपितों को फिर 14 दिनों की जेल

    By Jagran NewsEdited By: Ashisha Singh Rajput
    Updated: Mon, 14 Nov 2022 06:44 PM (IST)

    जज ने ग्रुप सी मामले में जांच की प्रगति से संतुष्ट दिखे और जांच अधिकारी मलय दास की केस डायरी देखी। आज कोर्ट में राज्य के पूर्व शिक्षा मंत्री की करीबी अर्पिता मुखर्जी अशोक साहा प्रदीप सिंह और प्रसन्ना राय की भी पेशी हुई।

    Hero Image
    अलीपुर कोर्ट में सभी आरोपितों की हुई पेशी, जमानत याचिका को जज ने कर दिया खारिज।

    कोलकाता, राज्य ब्यूरो। एसएससी के माध्यम से शिक्षक व ग्रुप सी व डी भर्ती घोटाले में गिरफ्तार पूर्व शिक्षमंत्री पार्थ चटर्जी समेत सात आरोपितों को सोमवार को फिर जमानत नहीं मिली और उन सभी को कोर्ट ने फिर से 14 दिनों की जेल हिरासत में भेज दिया। पार्थ के अलावे सुबीरेश भट्टाचार्य, कल्याणमय गांगुली,शांतिप्रसाद सिन्हा समेत की ओर से उनके वकील ने कोर्ट में जमानत की अर्जी दी थी जिसे जज ने दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद खारिज कर दिया। इन लोगों ने भ्रष्टाचार का जाल कैसे फैलाया ? सीबीआइ उनसे जेल में पूछताछ करना चाहती है। पार्थ, कल्याणमय, सुबीरेश को अब 28 नवंबर तक जेल में रहना होगा।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    सोमवार को शिक्षक भर्ती घोटाले के दो मामलों की हुई सुनवाई

    बताते चलें कि अलीपुर कोर्ट में सोमवार को शिक्षक भर्ती घोटाले के दो मामलों की सुनवाई हुई। ग्रुप सी मामलों की जांच पर संतोष जताते हुए नौवीं-दसवीं के शिक्षक भर्ती घोटाले की जांच से जज असंतुष्ट हैं। जज ने नौंवी-दसवीं के शिक्षक भर्ती मामले की जांच करने वाले सीबीआइ अधिकारी ऋषि नमोल केशी से पूछा कि 677 लोगों में से केवल चार लोगों का ही बयान अब तक क्यों रिकार्ड हो सका है। उन चार लोगों के खिलाफ अभी तक कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई? बाकी का बयान कब रिकार्ड किया जाएगा? जज ने पूछा कि रुपये लेकर परीक्षा का नंबर बढ़ाने वालों की गिरफ्तारी क्यों नहीं हुई है?

    जांच अधिकारी मलय दास की केस डायरी देखी

    उन्हें गिरफ्तार कर के भी पूछताछ किया जा सकता है। जज ने ग्रुप सी मामले में जांच की प्रगति से संतुष्ट दिखे और जांच अधिकारी मलय दास की केस डायरी देखी। आज कोर्ट में राज्य के पूर्व शिक्षा मंत्री की करीबी अर्पिता मुखर्जी, अशोक साहा, प्रदीप सिंह और प्रसन्ना राय की भी पेशी हुई। इस मामले में सीबीआइ पहले ही चार्जशीट दाखिल कर चुकी है। चार्जशीट में भर्ती में भ्रष्टाचार का ब्योरा और किस तरह से मोटी रकम के बदले में नौकरी दी गई इसकी पूरी जानकारी है।

    यह भी पढ़ें- Kolkatta Crime News: बंगाल में शिक्षक भर्ती घोटाला, कोयला व मवेशी तस्करी कांड के बाद अब लाटरी का गोरखधंधा!

    यह भी पढ़ें- Bengal Teacher Recruitment Scam : ED ने पूर्व मंत्री परेश अधिकारी व उनकी बेटी से की पूछताछ