मोबाइल की सेल प्रमोट करने को संग में बनाते थे दो दोस्त रील, एक साथ ही हुए दुनिया से विदा
दो दोस्त युगलप्रीत सिंह और मो. सैफ, जो किच्छा में मोबाइल की दुकान चलाते थे और प्रचार के लिए रील्स बनाते थे, एक सड़क दुर्घटना में एक साथ दुनिया को अलवि ...और पढ़ें

दोस्ती के चलते ही युगलप्रीत व मो. सैफ ने साथ में खोली थी मोबाइल की दुकान
जागरण संवाददाता, किच्छा । सितारगंज निवासी युगलप्रीत सिंह और मो. सैफ की दोस्ती भी ऐसी थी कि दोनों ने साथ ही व्यापार की ठान ली। मोबाइल की दुकान खोली तो इंटरनेट मीडिया पर उसके प्रचार-प्रसार के लिए हर रोज नई वीडियो बनाकर डालते रहते थे। दोनों साथ ही वीडियो बनाते स्वयं ही उसमें किरदार निभाते। अंतत: दोनों दोस्त कम उम्र में ही दुनिया को एक साथ अलविदा भी कह गए।
युगलप्रीत सिंह अपने परिवार का इकलौता पुत्र था, जिस पर उसके माता पिता की सारी उम्मीदें टिकी थीं। परंतु महज 18 वर्ष की आयु में वह इस तरह उनको रोता बिलखता छोड़ जाएगा इसके बारे में शायद ही उसके परिवार के किसी व्यक्ति ने कल्पना भी न की होगी।
31 दिसंबर की रात युगलप्रीत के साथ मो. सैफ के परिवार के जीवन में हमेशा के लिए अंधेरा कर गई। मो. सैफ के परिवार में वह दो भाई बहन थे। युगलप्रीत सिंह ने कम उम्र में ही अपना व्यापार सेट करते हुए मोबाइल की दुकान खोली थी। जिसमें उसने मो. सैफ को अपना साथी बनाया था। दोनों को ही थार कार के साथ अपने व्यापार से बहुत प्यार था।
मोबाइल में वह आईफोन व महंगे मोबाइल पर ही काम किया करते थे। मोबाइल की बिक्री को प्रमोट करने के लिए आई वर्ल्ड मोबाइल के नाम से इंटरनेट मीडिया पर चैनल भी बनाया था। जिसमें वह अपनी वीडियो डाल मोबाइल को प्रमोट करते थे। बुधवार शाम पांच बजे दुकान बंद कर घूमने अपनी प्रिय कार थार से हल्द्वानी घूमने निकले तो शायद ही किसी ने सोचा होगा कि वह अब जीवित वापस नहीं आने वाले है।
सब कुछ ठीक चल रहा था। परंतु काल से थार को ऐसी पटकनी दी कि कोई समझ नहीं पाया कि आखिर दुर्घटना का कारण कौन बना। दोनों ने साथ आगे बढ़ने का सपना देखा था वह सपना तो पूरा नहीं हो पाया परंतु काल ने दोनों को एक साथ अपने पास बुला लिया।

कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।