यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 10, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
भाजपा शासन काल के घोटालों की भी हो सीबीआइ जांच Dehradun News
जन संघर्ष मोर्चा ने केंद्र एवं प्रदेश सरकार पर हमकर हमला बोला। मोर्चा नेताओं ने भाजपा के कार्यकाल में हुए ...और पढ़ें

देहरादून, जेएनएन। जन संघर्ष मोर्चा ने केंद्र एवं प्रदेश सरकार पर हमकर हमला बोला। मोर्चा नेताओं ने भाजपा के कार्यकाल में हुए घोटालों की भी जांच सीबीआइ से कराने की मांग की है।
कनक चौक स्थित एक रेस्टोरेंट में जन संघर्ष मोर्चा के अध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने पत्रकारों से वार्ता में कहा कि केंद्र सरकार सीबीआइ को राजनीतिक हथियार के तौर पर उपयोग कर रही है।
उन्होंने कहा कि पिछली हरीश रावत सरकार को भी सत्ता से बेदखल करने के लिए महज एक शिकायती पत्र पर पांच मई 2016 को राजभवन ने सीबीआइ जांच कराने के निर्देश दिए थे। बाद में हरीश रावत सरकार ने 15 मई 2016 को सीबीआइ जांच निरस्त करने का आदेश पारित किया।
फिर भी अब पूर्व सीएम हरीश रावत के खिलाफ मनमाने ढंग से सीबीआइ जांच कराई जा रही है जो कि गलत है। नेगी ने कहा कि भाजपा शासन के दौरान खनन डील, ढैंचा बीज घोटाला, एनआरएचएम, एनएच-74 आदि घोटाले हुए हैं। कई स्टिंग वीडियो भी वायरल हुए हैं।
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कहा कि इनकी सीबीआइ जांच की संस्तुति तो दूर कभी इशारा नहीं किया। कायदे में इन घोटालों की जांच होनी चाहिए। इस दौरान आकाश पंवार, दिलबाग सिंह, विजय राम शर्मा, अरुण कुकरेती, सुशील भारद्वाज आदि मौजूद रहे।
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