देहरादून, राज्य ब्यूरो। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह महंगाई को लेकर केंद्र और राज्य की भाजपा सरकारों पर जमकर बरसे। उन्होंने कहा कि महंगाई पर सदन के भीतर सरकार के जवाब से स्पष्ट हो गया कि उसे जनता की परेशानी से लेना-देना नहीं है। उन्होंने चार धामों समेत राज्य के मंदिरों के प्रबंधन को श्राइन बोर्ड के गठन का विरोध किया। उन्होंने कहा कि वैष्णोदेवी की परिस्थितियों की तुलना चार धामों से नहीं की जानी चाहिए। 

प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में शनिवार को पत्रकारों से मुखातिब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि पेट्रोल-डीजल, रसोई गैस के साथ ही प्याज की बढ़ती कीमतों से प्रदेश की जनता परेशान है। केंद्र सरकार इन कीमतों पर काबू पाने का प्रयास नहीं कर रही है। राज्य सरकार भी जनता को राहत देने को कोई कदम उठाना नहीं चाहती। विधानसभा सत्र के दौरान सदन में संसदीय कार्यमंत्री के बयान से यह साफ हो चुका है। उन्होंने कहा कि नोटबंदी और जीएसटी जैसे केंद्र सरकार के फैसलों ने देश की अर्थव्यवस्था को तबाही की ओर धकेला। आर्थिक मंदी और महंगाई उसी का नतीजा है। उन्होंने कहा कि 14 दिसंबर को दिल्ली में कांग्रेस की भारत बचाओ रैली में उत्तराखंड से आठ से 14 हजार लोग शिरकत करेंगे। 

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एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि चार धामों के लिए श्राइन बोर्ड के गठन का सरकार का फैसला उचित नहीं है। सरकार को ऐसा कदम उठाने से पहले तीर्थ पुरोहितों समेत सभी पक्षों, हकहकूकधारियों के साथ बातचीत कर सर्वसम्मत फैसला लेना चाहिए। विरोध होने के बाद सरकार को श्राइन बोर्ड के विधेयक में संशोधन कर हकहकूकधारियों के अधिकार बहाल रखने का प्रावधान जोड़ना पड़ा है। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी इस कदम के खिलाफ है। इसका विरोध किया जाएगा। 

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Posted By: Sunil Negi

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