यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 19, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Chardham Yatra: चारधाम यात्रा में व्यावसायिक वाहनों के लिए ट्रिप कार्ड जरूरी, आनलाइन होगा आवेदन
Chardham Yatra परिवहन विभाग ने चारधाम यात्रा पर जाने वाले व्यावसायिक वाहनों के लिए ट्रिप कार्ड बनाना अनिवार्य कर दिया ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, देहरादून। Chardham Yatra 2021 यात्रियों की सुरक्षा के मद्देनजर परिवहन विभाग ने चारधाम यात्रा पर जाने वाले व्यावसायिक वाहनों के लिए ट्रिप कार्ड बनाना अनिवार्य कर दिया है। इस साल से शुरू की जा रही नई व्यवस्था के तहत वाहन संचालकों को ग्रीन कार्ड के साथ अब ट्रिप कार्ड भी लेना होगा। इसके लिए आनलाइन आवेदन होगा और उसमें यात्रा से पहले वाहन चालक व यात्रियों की पूरी जानकारी दर्ज करनी होगी। ट्रिप कार्ड केवल एक फेरे के लिए होगा व अगली बार यात्रा के लिए दूसरा ट्रिप कार्ड बनवाना होगा। आरटीओ दिनेश चंद्र पठोई ने बताया कि greencard.gov.in वेबसाइट पर जाकर पहले ग्रीन कार्ड बनेगा और उसके बाद इसी वेबसाइट पर फिर से आवेदन कर ट्रिप कार्ड बनाना होगा।
शनिवार से आरंभ हुई चारधाम यात्रा के साथ ही परिवहन विभाग ने यात्री वाहनों के लिए नियम-शर्तें जारी कर दीं। यात्रा नोडल अधिकारी व दून आरटीओ दिनेश चंद्र पठोई ने बताया कि यात्री बस, टैक्सी, मैक्सी कैब आदि व्यावसायिक वाहनों से यात्रा पर जाते हैं। अपने प्रदेश के साथ ही बाहरी प्रदेश के व्यावसायिक वाहन भी बड़ी संख्या में यात्रा पर आते हैं। सभी वाहन संचालक परिवहन विभाग से ग्रीन कार्ड तो बनवा लेते हैं, मगर यात्रा पर कितने फेरे लगा रहे, इसकी सूचना नहीं मिल पाती।
इसका पता लगाने के लिए इस बार ट्रिप कार्ड अनिवार्य किया गया है। यात्रा मार्ग के चेकपोस्ट पर इसकी जांच की जाएगी जबकि यात्रा पूरी होने पर यह स्वत: ही समाप्त हो जाएगा। इससे यह पता चल जाएगा कि वाहन किस धाम गया है। इसके साथ ही वाहन में कितने यात्री गए हैं। उनके नाम और मोबाइल नंबर भी आनलाइन दर्ज करने होंगे। यात्रा मार्ग पर दो चेकपोस्ट को बनाया है।
ऋषिकेश-टिहरी-गंगोत्री मार्ग पर भद्रकाली में जबकि ऋषिकेश-श्रीनगर-बदरीनाथ मार्ग पर ब्रह्मपुरी तपोवन में चेकपोस्ट बनाई गई हैं। ग्रीन कार्ड 30 नवंबर या फिर वाहन की फिटनेस (जो पहले पूरा हो) तक मान्य रहेगा। यात्रा मार्ग पर ओवरलोडिंग और ओवरस्पीड, शराबी चालक, ज्यादा किराया वसूली आदि रोकने के लिए प्रवर्तन दल भी तैनात कर दिए गए हैं।
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दस सीटर तक के वाहनों की भी होगी तकनीकी जांच
इस बार यात्रा पर जाने वाले दस सीटर तक के वाहनों को ग्रीन कार्ड बनाने के लिए तकनीकी जांच कराने आरटीओ-एआरटीओ कार्यालय में आना पड़ेगा। पहले इन वाहनों को आनलाइन आवेदन के बाद ग्रीन कार्ड जारी कर दिए जाते थे, लेकिन आरटीओ ने बताया कि इस बार यात्रा महज दो माह की है, इसलिए इनकी भी जांच की जाएगी। हां वाहन संचालकों को बड़ी राहत देते हुए यह सुविधा दी गई है कि आवेदन के बाद वह तकनीकी जांच के लिए किसी भी परिवहन कार्यालय जा सकते हैं। वाहन के फिट होने पर ग्रीन कार्ड जारी होगा।
