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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 21, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Hathras Stampede: न्यायिक आयोग की जांच रिपोर्ट में भोले बाबा को क्‍लीन चि‍ट, कौन है 121 लोगों की मौत का ज‍िम्‍मेदार?

Published: Fri, 21 Feb 2025 09:18 AM (IST)Updated: Fri, 21 Feb 2025 09:57 AM (IST)

हाथरस में दो जुलाई 2024 को साकार नारायण विश्व हरि उर्फ भोले बाबा के सत्संग में भगदड़ से 121 लोगों ...और पढ़ें

हाथरस भगदड़ में 121 लोगों की हुई थी मौत।
हाथरस भगदड़ में 121 लोगों की हुई थी मौत।

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। राज्‍य ब्यूरो, लखनऊ। हाथरस के ग्राम फुलरई मुगलगढ़ी में दो जुलाई, 2024 को साकार नारायण विश्व हरि उर्फ भोले बाबा के सत्संग में भगदड़ से 121 लोगों की मौत की घटना की न्यायिक जांच पूरी हो गई है। आयोग ने अपनी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंप दी है। कैबिनेट की बैठक में गुरुवार को जांच रिपोर्ट रखी गई। 

माना जा रहा है कि बजट सत्र में जांच रिपोर्ट सदन में पेश की जा सकती है। सूत्रों के अनुसार रिपोर्ट में साकार नारायण विश्व हरि को क्लीन चिट दे दी गई है। घटना में षड्यंत्र के पहलू पर स्थिति स्पष्ट नहीं है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर हाथरस में हुई भीषण घटना की जांच के लिए तीन जुलाई, 2024 को तीन सदस्यीय न्यायिक आयोग का गठन किया गया था। 

टीम में ये लोग थे शाम‍िल 

इलाहाबाद हाई कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश बृजेश कुमार श्रीवास्तव (द्वितीय) की अध्यक्षता में गठित न्यायिक जांच आयोग में पूर्व आइएएस हेमन्त राव व पूर्व आइपीएस भवेश कुमार सिंह बतौर सदस्य शामिल थे। आयोग को जांच के लिए दो माह का समय दिया गया था। बाद में जांच अवधि और बढ़ा दी गई थी। 

इन ब‍िंदुओं पर की गई जांच

कार्यक्रम के लिए जिला प्रशासन द्वारा प्रदान की गई अनुमति तथा उसकी शर्तों का आयोजकों द्वारा कितना अनुपालन किया गया, जिला प्रशासन व पुलिस द्वारा कार्यक्रम के दौरान भीड़ नियंत्रण तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए क्या प्रबंध किए गए, घटना के पीछे कोई सुनियोजित आपराधिक षड्यंत्र तो नहीं था, जैसे बिंदु जांच में शामिल थे। 

अधिकारियों व आयोजकों की भूमिका सामने 

घटना के कारणों व परिस्थितियों के निर्धारण के साथ ही आयोग से भविष्य में इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति को रोकने के लिए सुझाव भी मांगे गए थे। जांच रिपोर्ट में हाथरस के तत्कालीन अधिकारियों व आयोजकों की भूमिका सामने आई है।

सूरजपाल समेत 1500 से अधिक के दर्ज किए बयान 

पांच जुलाई को पहली बार आयोग की टीम हाथरस पहुंची थी और घटनास्थल का निरीक्षण किया था। दो दिन टीम यहां रुकी और घटना के संबंध में प्रत्यक्षदर्शी, पीड़ित परिवारों के स्वजन और अन्य लोगों से बयान दर्ज किए। जांच में 1500 से अधिक लोगों के बयान दर्ज किए गए। इनमें 10 अक्टूबर 2024 को नारायण साकार विश्व हरि भी यहां बयान दर्ज कराने पहुंचे थे। 

ये था मामला

आपको बता दें क‍ि हाथरस में जीटी रोड के किनारे डेढ़ सौ बीघा क्षेत्रफल में बनाए गए विशालकाय पांडाल में साकार विश्व हरि भोले बाबा के सत्संग में भगदड़ मच गई थी। सत्संग के बाद भाेले बाबा के काफिले को निकलने के लिए श्रद्धालुओं को रोका गया, लेकिन आयोजक भीड़ को नहीं संभाल पाए।

बाबा का काफिला हाईवे पर पहुंचते ही बेकाबू हुई भीड़ में भगदड़ मच गई थी। भगदड़ में हाईवे के दूसरे किनारे पर खेत में एक के ऊपर एक गिरे श्रद्धालुओं में से 121 की मौत हो गई थी, जबकि दो दर्जन से ज्यादा घायल हुए थे।

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