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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 20, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Flood Alert: कानपुर सहित उन्नाव और शुक्लागंज में बाढ़, गांवों में गंगा का पानी घुसा, नावों से बचाव कार्य जारी

By shiva awasthi Edited By: Anurag Shukla1
Published: Wed, 20 Aug 2025 08:30 PM (IST)

नरौरा बांध से पानी छोड़े जाने के कारण कानपुर के कटरी क्षेत्र के गांवों में गंगा का पानी घुस गया ...और पढ़ें

भोपालपुरवा से भगवानदीन पुरवा जाने वाले मार्ग में बाढ़  का पानी भरने कारण नाव व पैदल जाते ग्रामीण। जागरण
भोपालपुरवा से भगवानदीन पुरवा जाने वाले मार्ग में बाढ़  का पानी भरने कारण नाव व पैदल जाते ग्रामीण। जागरण

HighLights

  1. बनियापुरवा समेत आसपास के गांवों में जलभराव से बैराज मार्ग पर पहुंच गए परिवार
  2. शंकरपुर के ग्रामीणों ने डीएम से लगाई गुहार तो एसडीएम सदर व अफसरों को भेजा

संवाद सहयोगी, जागरण, बिठूर(कानपुर)। नरौरा बांध से पानी छोड़े जाने के कारण कटरी के अधिकांश गांवों में बुधवार को गंगा का पानी घुस गया। सड़कों के कटान से ग्रामीण में दहशत में हैं। शंकरपुर के दर्जनों ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट पहुंच जिलाधिकारी जितेन्द्र प्रताप सिंह से गुहार लगाई। उन्होंने एसडीएम सदर अनुभव सिंह समेत अफसरों की टीम भेजकर जांच कराई। 24 घंटे निगरानी में टीमें लगाई गई हैं। वहीं, बनियापुरवा गांव व मजरों में जलभराव से कुछ परिवारों ने बैराज मार्ग राहत शिविर में शरण ली है।

कटरी के बनियापुरवा, दुर्गापुरवा, गिल्ली पुरवा, मक्कापुरवा, लक्षमणपुर, भोपालपुरवा भारतपुरवा, भगवानदीनपुरवा समेत सभी गांवों के किनारे व गलियों में पानी पहुंच चुका है। भगवानदीन पुरवा के रमेश निषाद व उनकी पत्नी रानी ने झोपड़ी बनाकर बैराज मार्ग पर शरण ली है। गांव से कई लोग मवेशी भी ले आए हैं। कटरी क्षेत्र में सब्जी व अमरूद की खेती ज्यादा होती है।

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बनियापुरवा के पूर्व प्रधान अशोक निषाद, काली चरन, मक्कापुरवा के सरजू निषाद, गिल्ली पुरवा के मूलचंद्र, भोपालपुरवा के बेचेलाल, जगन्नाथ ने बताया कि भिंडी, लौकी, तरोई की फसल डूबने से खराब हो चुकी है। भगवानदीन पुरवा के रमेश निषाद ने बताया कि पानी में भिंडी तोड़ने में दिक्कतें आ रही हैं। उधर, जिला प्रशासन की टीमों ने प्रभावित क्षेत्र के लोगो के लिए खाना की व्यवस्था की।

बुधवार को 120 लोगों को पूड़ी-सब्जी वितरित की गई। बनियापुरवा गांव के सामने प्रशासन ने पीड़ितों को हरसंभव मदद के लिए राहत शिविर बनाया है। किसानों के लिए आठ नावें लगाई हैं। भोपालपुरवा के बेचेलाल निषाद का आरोप है कि नाव केवल भगवानदीन पुरवा के लोगों के लिए हैं। बाकी जगह मदद नहीं मिल रही है। उधर, कटरी क्षेत्र में सब्जियों की फसल खराब होने से 20 रुपये प्रतिकिलो बिकने वाली भिंडी व तरोई 35 से 40 रुपये में बिक रही है। लौकी व कद्दू 30 से 40 रुपये किलो है। परवल 80 रुपये, अमरूद 40 रुपये, लोबिया व टिंडा 50 से 60 रुपये प्रतिकिलो बिक रहा है।

गंगा का जलस्तर 24 घंटे में दो सेमी घटा है। इससे अफसरों ने थोड़ी राहत की सांस ली है। मंगलवार को शुक्लागंज में गंगा का जलस्तर 113.14 मीटर था, जो बुधवार को 113.12 मीटर हो गया। हालांकि गंगा के तटवर्ती गांवों में सड़कों, खेतों तक पानी भरा है।  

ये रही स्थिति

  • अपस्ट्रीम पर गंगा का जलस्तर-114.79 मीटर
  • डाउन स्ट्रीम पर गंगा का जलस्तर-114.42 मीटर
  • शुक्लागंज में गंगा का जलस्तर-113.12 मीटर
  • शुक्लागंज की तरफ चेतावनी बिंदु-113 मीटर
  • खतरे का निशान-114 मीटर
  • नरोरा बांध से छोड़ा गया गंगाजल-1,34,584 क्यूसेक
  • बैराज से शुक्लागंज की तरफ छोड़ा गया जल -4,26,507 क्यूसेक

कटरी शंकरपुर क्षेत्र में सड़क कटान की जानकारी पर मौके पर जाकर निरीक्षण में जलभराव मिला। क्षेत्रीय लेखपाल को दो-दो घंटे में निगरानी के लिए लगा दिया गया है। किसी भी आपात स्थिति में तत्काल मदद की जाएगी। फिलहाल कोई चिंता की बात नहीं है।

-अनुभव सिंह, एसडीएम सदर।

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