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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 03, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

यूपी STF को मिली बड़ी सफलता, नेपाल में 18 साल से छिपे हत्यारोपित को किया गिरफ्तार; उम्र कैद की सजा होने पर हुआ था फरार

By Jagran NewsEdited By: Pragati Chand
Published: Fri, 03 Nov 2023 09:52 AM (IST)

यूपी एसटीएफ की गोरखपुर टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है। 2004 से फरार चल रहे हत्यारोपित गीडा के खानिमपुर ...और पढ़ें

सत्यपाल सिंह उर्फ भोला। सौजन्य एसटीएफ मीडिया सेल
सत्यपाल सिंह उर्फ भोला। सौजन्य एसटीएफ मीडिया सेल

जागरण संवाददाता, गोरखपुर। नेपाल में 18 वर्ष से छिपे हत्यारोपित सत्यपाल सिंह उर्फ भोला को एसटीएफ की टीम ने तमंचे के साथ गिरफ्तार कर लिया। वर्ष 2004 में सत्र न्यायालय से मिले आजीवन कारावास को 2012 में हाईकोर्ट ने सजा को बरकरार रखा था। एसएसपी ने इस पर 12 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।

यह है मामला

प्रभारी निरीक्षक एसटीएफ सत्यप्रकाश सिंह को सूचना मिली कि 2004 से फरार चल रहा हत्यारोपित गीडा के खानिमपुर का सत्यप्रकाश उर्फ भोला शहर में है। एसटीएफ टीम ने रेल म्यूजियम के पास घेराबंदी कर सत्यप्रकाश सिंह उर्फ भोला को दबोच लिया। पूछताछ में पता चला कि फरारी के दौरान वह नेपाल के नवलपरासी जिले में रहा, जहां से गोरखपुर व अपनी ससुराल सिद्धार्थनगर के उसका बाजार में आता-जाता था।

यूपी के बदमाशों को नेपाल में देता था संरक्षण

गोरखपुर व आसपास के जिलों में वारदात करके नेपाल भागने वाले बदमाशों को सत्यपाल सिंह संरक्षण देता था। उसके पास से 315 बोर का एक तमंचा, दो कारतूस, 105 रुपये नेपाली व 220 रुपये भारतीय मुद्रा व आधार कार्ड मिला। फरारी के दौरान सत्यप्रकाश ने वर्ष 2016 में पिपराइच के रहने वाले एक व्यापारी से रंगदारी भी मांगी थी। इस मामले में पुलिस ने बदमाश के विरुद्ध आरोप पत्र व उसके साथी को जेल भेजा था।

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2002 में हुई थी वारदात

सत्यप्रकाश सिंह उर्फ भोला ने 30 मार्च 2002 को साथियों संग मिलकर अपने गांव गीडा, खानिमपुर के रहने वाले धर्मेंद्र सिंह की कैंट क्षेत्र में गोली मारकर हत्या कर दी थी। नामजद मुकदमा दर्ज करने के बाद कैंट थाना पुलिस ने बदमाश व उसके साथी को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

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