एमएमजी अस्पताल में बुखार-निमोनिया से दो बच्चों की मौत, ओपीडी में 500 से अधिक बीमार बच्चे पहुंचे
गाजियाबाद के जिला एमएमजी अस्पताल में सर्दी के कारण दो बच्चों की मौत हो गई। एक बच्चे को निमोनिया था, जबकि दूसरे की मौत बुखार से हुई। शुक्रवार को सरकारी ...और पढ़ें

एमएमजी जिला अस्प्ताल में बच्चों को देखते डाॅक्टर। जागरण
जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन बेशक रोज सर्दी से बचाव को लेकर एडवायजरी जारी कर रहा है लेकिन सबसे अधिक सर्दी से बच्चे ही प्रभावित हो रहे हैं। शुक्रवार को जिला एमएमजी अस्पताल में दो बच्चों की मौत हो गई। इनमें से एक बच्चे को निमोनिया था और दूसरे की मौत बुखार के चलते हुई है। जिला एमएमजी अस्पताल की रिपोर्ट के अनुसार नूरनगर सिहानी के रहने वाले दानिश के दो साल के बच्चे जैनब को पिछले तीन-चार दिन से उल्टी-दस्त के साथ बुखार की शिकायत थी।
संजयनगर स्थित संयुक्त अस्पताल में बच्चे का निमोनिया का इलाज भी चल रहा था। शुक्रवार सुबह को बच्चे को बेहोशी की हालत में इमरजेंसी में लाया गया। चिकित्सकों ने जांच के बाद बच्चे को मृत घोषित कर दिया। इसके अलावा कुशलिया के रहने वाले मेहराउद्दीन के डेढ़ साल के बेटे अरशद को जिला एमएमजी अस्पताल की इमरजेंसी में उसके चाचा आशिफ द्वारा बेहोशी की हालत में भर्ती कराया गया।
जांच के बाद चिकित्सकों ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया। बच्चे को तीन-चार दिन से बुखार बताया गया है। डासना में ही कहीं आसपास उसका इलाज भी चल रहा था। शुक्रवार को तीनों सरकारी अस्पतालों की ओपीडी में 534 बीमार बच्चे पहुंचे। इनमें बुखार और निमोनिया की शिकायत पर 62 बच्चे पहुंचे। बाल रोग विशेषज्ञ डाॅ. विपिन चंद उपाध्याय ने डेढ़ बजे तक ही दो सौ से अधिक बच्चे देखे। उनका कहना है कि सर्दी में बच्चों को निमोनिया, खांसी और बुखार की अधिक संभावना रहती है।
ऐसे में बच्चों को सर्दी से बचाकर रखना चाहिये। सर्दी और वायु प्रदूषण बढ़ने पर शुक्रवार को सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों की ओपीडी में सांस लेने में परेशानी,निमोनिया, खांसी और गले में खरास के मरीजों की संख्या अधिक रही है। घुटनों में दर्द के मरीज भी अधिक पहुंचे । जिला एमएमजी अस्पताल, संजयनगर स्थित संयुक्त अस्पताल और डूंडाहेड़ा अस्पताल की ओपीडी में शुक्रवार को 3134 मरीज पहुंचे।
इनमें 1554 महिला, 1274 पुरुष और 534 बीमार बच्चे शामिल हैं। फिजिशियन डाॅ. संतराम वर्मा की सलाह है कि सर्दी से बचाव को गरम कपड़े पहनें। पानी खूब पीयें। सुबह-शाम टहलने से बचें। सांस लेने में परेशानी हाेने पर तुरंत नजदीकी अस्पताल में पहुंचकर चिकित्सक को दिखायें। सूप,चाय और काफी का सेवन करें। शराब एवं धूम्रपान बंद कर दें। सर्दी में रक्तचाप बढ़ने की संभावना रहती है। ऐसे में तली हुई खाद्य सामग्री का सेवन न करें। बाहर का खाना न खायें।

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