Khatu Shyam Temple में कब और कितनी बार होती है आरती, इतने बजे खुलते हैं कपाट
खाटू श्याम मंदिर राजस्थान के सीकर जिले में है। इस मंदिर में देश-विदेश से अधिक संख्या में श्रद्धालु आते हैं। खाटू श्याम मंदिर बर्बरीक को समर्पित है। धार्मिक मान्यता के अनुसार खाटू श्याम की पूजा और दर्शन करने से भक्त की सभी मुरादें पूरी होती हैं। आइए मंदिर (Khatu Shyam Temple timings) की आरती समय के बारे में जानते हैं।

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। राजस्थान में ऐसे कई मंदिर हैं, जो किसी खास मान्यता की वजह से प्रसिद्ध हैं, जिनमें खाटू श्याम मंदिर भी शामिल है। यह मंदिर सीकर में है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, बाबा खाटू श्याम को हारे का सहारा भी कहा जाता है, क्योंकि बाबा हारे हुए भक्तों को सहारा देते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, खाटू श्याम की विधिपूर्वक पूजा और दर्शन करने से भक्त की सभी मुरादें जल्द पूरी होती हैं और खाटू श्याम (Khatu Shyam Temple) की कृपा से जीवन से शुभ परिणाम मिलते हैं। साथ ही सुख, शांति और समृद्धि में वृद्धि होती है।
(Pic Credit- Freepik)
मंदिर में खाटू श्याम की विशेष आरती होती है, जिसमें अधिक संख्या में भक्त शामिल होते हैं। इस दौरान मंदिर बेहद खास रौनक देखने को मिलती है। क्या आप जानते हैं कि खाटू श्याम मंदिर में कब और कितनी बार आरती होती है। अगर नहीं पता, तो ऐसे में आइए जानते हैं आरती और मंदिर (Khatu Shyam Mandir darshan schedule) के खुलने समय के बारे में।
यह भी पढ़ें: Khatu Shyam Ji: खाटू श्याम जी के धाम जाकर जरूर करें ये काम, मिलेगा हारे के सहारे का साथ
खाटू श्याम मंदिर आरती टाइम (Khatu Shyam Temple aarti timing)
- खाटू श्याम मंदिर में मंगला आरती सुबह 04 बजकर 30 मिनट पर होती है।
- शृंगार आरती सुबह 07 बजे होती है।
- भोग आरती दोपहर 12 बजकर 30 मिनट पर होती है।
- संध्या आरती शाम 07 बजकर 30 मिनट पर होती है।
- शयन आरती रात 10 बजे होती है।
(Pic Credit- Freepik)
खाटू श्याम मंदिर आरती का महत्व
खाटू श्याम मंदिर में रोजाना 5 बार आरती की जाती है, जो इस प्रकार है-
मंगला आरती- इस आरती को सुबह सूर्योदय से पहले किया जाता है। इस आरती को बाबा खाटू श्याम के दिन की शुरुआत के लिए की जाती है।
शृंगार आरती- मंगला आरती के बाद शृंगार आरती की जाती है। इस आरती को बाबा खाटू श्याम के श्रृंगार के बाद किया जाता है।
भोग आरती- तीसरी आरती को भोग आरती के नाम से जाना जाता है। इस दौरान खाटू श्याम को भोग लगाया जाता है।
संध्या आरती- चौथी आरती यानी संध्या आरती को सूर्यास्त के दौरान की जाती है।
शयन आरती- इस आरती को खाटू श्याम को आराम देने के लिए की जाती है। इस आरती को खाटू श्याम को विश्राम देने का प्रतीक माना जाता है।
खाटू श्याम मंदिर के कपाट कितने बजे खुलते हैं? (Khatu Shyam temple opening hours)
रोजाना खाटू श्याम मंदिर सुबह 4 बजकर 30 मिनट पर खुलता है और 12 बजकर 30 मिनट पर मंदिर के कपाट बंद होते हैं। वहीं, शाम को मंदिर 04 बजे खुलता है और रात 10 बजे मंदिर के कपाट बंद होते हैं।
यह भी पढ़ें: Khatu Shyam Temple: अगर आप भी जा रहे हैं खाटू श्याम, तो जरूर लाएं ये चीजें, मिलेंगे शुभ परिणाम
अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।
Source- khatu shyam mandir
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।