यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 21, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Dindori News: डिंडौरी कलेक्टर ने गांव की महिला के हाथ पर लिखा फोन नंबर, बोले- कोई न सुनें तो बताना
Dindori Collector मध्य प्रदेश के डिंडौरी कलेक्टर विकास मिश्रा ने नर्मदा तट का दौरा करते हुए साफ-सफाई पर नजर डाली। ...और पढ़ें

डिंडौरी, जागरण आनलाइन डेस्क। रविवार को कलेक्टर विकास मिश्रा (Collector Vikas Mishra) ने नर्मदा तट (Narmada River) का दौरा कर नदी में साफ-सफाई की व्यवस्था व नालों की गंदगी पर नजर डाली। गंदगी को देखते हुए नगर पंचायत को इसकी साफ-सफाई करने का निर्देश दिया।
अपने इस दौरे के दौरान लकड़ी बेचने वाली कुछ महिलाओं से बात करते हुए कलेक्टर ने सरकारी योजनाओं के लाभ के बारे में बताया। लकड़ी बेचने वाली गोपालपुर गांव निवासी बैगा महिला ने कलेक्टर से कहा कि उन्हें किसी योजना का लाभ नहीं मिला है। कलेक्टर ने जिला सीईओ को फोन पर बैगाओं को योजना का लाभ देने के निर्देश दिए।
स्वास्थ्य शिविर लगाने के निर्देश
कलेक्टर ने वार्ड नंबर एक में कुछ महिलाओं से इस बारे में बात की। महिलाओं ने नगर परिषद कर्मचारियों पर काम के बदले पैसे लेने का आरोप लगाया। कलेक्टर ने सीएमओ को महिलाओं की शिकायत पर इस मामले में कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। कलेक्टर ने नगर परिषद की सफाई के मामले में महिलाओं से भी चर्चा की।
कलेक्टर द्वारा सफाई कर्मियों के लिए स्वास्थ्य शिविर लगाने के निर्देश नगर परिषद को दिये गये। सफाई कर्मियों ने कलेक्टर के कार्य की सराहना करते हुए कहा कि पहली बार ऐसा कलेक्टर आया है, जो सफाई कर्मियों से बात करने के साथ ही समस्याओं को भी सुनता है। कलेक्टर ने शहर के वार्ड नंबर दो और सात का भी दौरा किया। दौरे के दौरान कलेक्टर ने गांव की एक महिला के हाथ पर अपना मोबाइल नंबर लिख किसी भी तरह की परेशानी होने पर काल करने की भी सलाह दी।
कलेक्टर ने दिए पैसे वापस करने का निर्देश
कलेक्टर विकास मिश्रा शहर के वार्ड नंबर एक पहुंचे तो वार्ड की महिलाओं ने शिकायत करनी शुरू कर दी। एक महिला ने कलेक्टर को बताया कि खसरा नक्शा पास कराने के नाम पर उससे पैसे लिए गए। कलेक्टर ने तुरंत सीएमओ को फोन कर पैसे वापस दिलाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने वार्डवासियों को सरकार से मिल रही योजनाओं की जानकारी ली। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पहले योजनाओं का लाभ नियमित रूप से दिया जाए।
खुले में शौच जाने पर जताई नाराजगी
दौरे के दौरान कलेक्टर ने स्थानीय लोगों को खुले में शौच जाने को लेकर नगर परिषद के अधिकारियों को भी फटकार लगाई। उन्होंने कहा कि जब यहां रहने वाले लोग खुले में शौच करते हैं तो नगर परिषद ने ओडीएफ कैसे घोषित कर दिया। आप लोगों के पास खुद को सुधारने के लिए पंद्रह दिन हैं। दौरे के दौरान नगर परिषद के सहायक अभियंता अशोक दीक्षित सहित नगर परिषद के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
