मेकअप नहीं, परफ्यूम है Gen-Z की पहली पसंद; कम खर्च में मूड और स्टाइल को बेहतर बनाने का है जरिया
आपको जानकर थोड़ी हैरानी हो सकती है, लेकिन Gen-Z अब मेकअप से ज्यादा परफ्यूम को पसंद करता है। जी हां, ...और पढ़ें

क्यों परफ्यूम बन गया है जेन-जी की पहली पसंद? (Picture Courtesy: Freepik)
HighLights
जेन-जी अब मेकअप की जगह परफ्यूम को अपनी पहली पसंद बना चुका है
परफ्यूम को जेन-जी अपनी पर्सनैलिटी का हिस्सा बना रही है
पिछले कुछ समय में परफ्यूम की बिक्री में बढ़ोतरी देखने को मिली है
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। आज के समय में Gen-Z यानी 1997 से 2012 के बीच जन्मी पीढ़ी, अपनी अनोखी पसंद और लाइफस्टाइल के लिए जानी जाती है। फैशन और ब्यूटी के मामले में यह जेनरेशन एक्सपेरिमेंट करना पसंद करती है, लेकिन अब उनका झुकाव मेकअप से ज्यादा परफ्यूम (Gen-Z Perfume Trend) की ओर बढ़ गया है।
जी हां, पहले जो चीज लग्जरी मानी जाती थी, वह अब इनके रोजमर्रा के जीवन का हिस्सा बन चुकी है। जेन-जी के लिए परफ्यूम केवल खुशबू नहीं, बल्कि मूड बूस्टर और पर्सनल स्टाइल स्टेटमेंट बन चुका है। परफ्यूम की ओर जेन-जी के झुकाव को नया लिपस्टिक इफेक्ट भी कहा जा रहा है। आइए समझते हैं इस बारे में।
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(Picture Courtesy: Freepik
नया ‘लिपस्टिक इफेक्ट’
एक्सपर्ट्स के मुताबिक, यह ट्रेंड ‘न्यू लिपस्टिक इफेक्ट’ जैसा है। जब आर्थिक हालात कमजोर होते हैं, तब कंज्यूमर महंगी लग्जरी आइटम्स की जगह छोटे लेकिन प्रीमियम प्रोडक्ट्स पर खर्च करते हैं। आज के युवा भी इसी सोच को अपनाते हुए परफ्यूम को अपनी पहचान और आत्मविश्वास से जोड़ रहे हैं।
एक डाटा फर्म के मुताबिक, जुलाई 2025 तक के 26 हफ्तों में परफ्यूम पर हुए कुल खर्च का 38 फीसदी हिस्सा उन घरों से आया जहां जेन-जी सदस्य हैं। यही नहीं, सितंबर तिमाही में परफ्यूम की बिक्री में 14% तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
भारत में भी बढ़ रहा है परफ्यूम क्रेज
भारत में भी जेन-जी तेजी से ‘प्रीमियम परफ्यूम’ की ओर आकर्षित हो रही है। देश में परफ्यूम की कुल बिक्री में इस पीढ़ी का योगदान अब 40% तक पहुंच गया है। यह जेनरेशन विदेशी ब्रांड्स से लेकर इंडी फ्रेगरेंस लेबल्स तक सबकुछ ट्राई कर रहे हैं। उनके लिए परफ्यूम अब महज एक ब्यूटी प्रोडक्ट नहीं, बल्कि अपनी पर्सनैलिटी को एक्सप्रेस करने का तरीका बन गया है।
प्रीमियम परफ्यूम की बिक्री में तेजी
आंकड़ों के अनुसार, 2025 की पहली छमाही में प्रीमियम परफ्यूम की बिक्री 6% बढ़कर 3.9 अरब डॉलर तक पहुंच गई, जबकि मेकअप में सिर्फ 1% की बढ़त और स्किनकेयर में 1% की गिरावट दर्ज की गई। ऐसा इसलिए क्योंकि परफ्यूम एक ऐसा प्रोडक्ट है जो कंज्यूमर को लक्जरी और स्टेटस का अहसास देता है वो भी बिना भारी खर्च किए।
स्टाइल और पहचान का नया पैमाना
जेन-जी फैशन और स्टाइल को लेकर भी पिछली पीढ़ियों से अलग सोच रखती है। जहां मिलेनियल्स फिटेड कपड़े और एथलीजर लुक्स पसंद करते थे, वहीं जेन-जी माइक्रो-ट्रेंड्स को फॉलो करती है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होकर उतनी ही जल्दी गायब भी हो जाते हैं। इन ट्रेंड्स के बीच परफ्यूम उनके लिए एक ऐसा परमानेंट एलिमेंट बन गया है जो उनके मूड और स्टाइल दोनों को बैलेंस रखता है।
जेन-जी के लिए परफ्यूम अब मेकअप का विकल्प नहीं, बल्कि उनकी पहचान का अहम हिस्सा है। चाहे ऑफिस जाना हो, पार्टी में जाना हो या बस खुद को बेहतर महसूस करना, एक अच्छा परफ्यूम अब उनके दिन की शुरुआत का अहम हिस्सा बन चुका है।
