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    Ranchi Ring Road: रोशनी से जगमग होगा रांची रिंग रोड, नहीं लगेंगे स्पीड ब्रेकर; सुगम होगा यातायात

    रांची रिंग रोड ने शहर की यातायात व्यवस्था में सुधार किया है लेकिन इसे रोशनी से जगमग करने की आवश्यकता महसूस हो रही है। पथ निर्माण विभाग ने ऊर्जा विभाग से प्रस्ताव भेजा है। हालांकि स्पीड ब्रेकर लगाने का सुझाव अस्वीकार कर दिया गया है क्योंकि यह असुरक्षित हो सकता है। रिंग रोड सात खंडों में विभक्त है और इसका डिजाइन 100 किमी/घंटा की गति के लिए है।

    By Pradeep singh Edited By: Rajat Mourya Updated: Tue, 01 Apr 2025 07:53 PM (IST)
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    रोशनी से जगमग होगा रांची रिंग रोड, नहीं लगेंगे स्पीड ब्रेकर (प्रतीकात्मक तस्वीर)

    प्रदीप सिंह, रांची। राजधानी रांची के बाहर ही बाहर अन्य राज्यों व शहरों के लिए निकलने वाले रिंग रोड ने शहर की यातायात व्यवस्था में आश्चर्यजनक तरीके से सुधार किया है। इस महती परियोजनाओं से परिवहन में काफी आसानी हुई है, लेकिन 59.767 किलोमीटर लंबे इस हाई स्पीड कॉरिडोर को रोशनी से जगमग करने की आवश्यकता महसूस की जा रही है।

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    इसके लिए पथ निर्माण विभाग ने ऊर्जा विभाग से आग्रह किया है। प्रस्ताव मिलने के बाद ऊर्जा विभाग इससे संबंधित विस्तृत प्रतिवेदन तैयार करेगा। योजना पर अमल होने के बाद रिंग रोड रोशनी से जगमग होगा। खिजरी के कांग्रेस विधायक राजेश कच्छप ने इस आशय की मांग उठाई है, जिसपर पथ निर्माण विभाग ने तत्परता बरतते हुए कार्रवाई आरंभ की है।

    रोशनी से जगमग होने के बाद रिंग रोड कॉरिडोर पर यातायात और भी सुगम होगा और परिवहन में काफी सहूलियत होगी। हालांकि, रिंग रोड पर वाहनों की ज्यादा गति और लापरवाही से की जाने वाली ड्राइविंग दुर्घटनाओं का कारण बनती है।

    इसे लेकर स्पीड ब्रेकर लगाने का सुझाव विभाग ने अस्वीकार कर दिया है। कहा गया है कि 100 किलोमीटर की अधिकतम स्पीड रिंग रोड पर निर्धारित है और ऐसे में स्पीड ब्रेकर देना असुरक्षित है।

    परियोजना में ही नहीं था स्ट्रीट लाइट का प्रविधान

    झारखंड त्वरित पथ विकास कार्यक्रम (जेएआरडीपी) के तहत लोक निजी भागीदारी (पीपीपी मोड) के तहत रांची रिंग रोड फेज-दो से फेज-सात तक (लंबाई-59.767 किमी) सड़क के विकास के लिए पथ निर्माण विभाग एवं आइएलएंडएफएस ने मिलकर संयुक्त उपक्रम झारखंड एक्सिलरेटेड रोड डेवलपमेंट कंपनी लिमिटेड (जेएआरडीसीएल) स्थापित किया।

    इस कार्य के वित्त, निर्माण, संचालन और रखखाव के लिए जेएआरडीसीएल का संयुक्त उद्यम पार्टनर झारखंड रोड प्रोजेक्ट्स इंप्लीमेंटेसन कंपनी लिमिटेड और झारखंड इंफ्रास्ट्रक्चर इंप्लीमेंटेसन कंपनी निर्धारित है।

    इन्हें पथों का निर्माण एवं निर्माण के बाद अगले 15 वर्षों तक संचालन और रखरखाव की जिम्मेवारी है। रिंग रोड परियोजना के अंतर्गत किए गए करार में स्ट्रीट लाइट का प्रविधान नहीं है।

    सात खंडों में विभक्त है रिंग रोड

    • रांची रिंग रोड सात खंडों में विभक्त है। रामपुर से दलादली सेक्शन-तीन से छह का पथांश है। यह पथ छह लेन डिवाइडेड कैरेज वे का हाई स्पीड कॉरिडोर है। इसका डिजाइन स्पीड सौ किलोमीटर प्रति घंटा है।
    • हाई स्पीड कॉरिडोर में स्पीड ब्रेकर का निर्माण सुरक्षा के लिए जोखिम है। परियोजना के निर्माण में इसके निर्माण की अनुशंसा नहीं है।
    • इस पथ के सभी प्रमुख रोड जंक्शन पर लेवर सेपरेटर लगे हुए हैं, जो सुरक्षित परिवहन सुनिश्चित करते हैं।

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