झारखंड के युवा अब उड़ाएंगे एयरबस 320! सरकार हर छात्र पर खर्च करेगी 60 लाख रुपये, जानें कैसे होगा चयन?
झारखंड सरकार एयरबस 320 एयरक्राफ्ट के लिए युवाओं को प्रशिक्षित करेगी। प्रत्येक छात्र पर 60.73 लाख रुपये खर्च होंगे, जिससे कुल 15 छात्रों के प्रशिक्षण प ...और पढ़ें

प्रशिक्षण की तैयारी शुरू, कैबिनेट की अनुमति का इंतजार है।
राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड में एयरबस 320 कैटेगरी एयरक्राफ्ट के लिए प्रशिक्षण की तैयारी शुरू हो गई है। अब तक की तैयारियों के अनुसार इसके लिए कैबिनेट की अनुमति का इंतजार किया जा रहा है। कैबिनेट की बैठक को लेकर पूरी तैयारी कर ली गई है।
पूरे देश में दो ही केंद्र हैं जो इस तरह का प्रशिक्षण देते हैं। एक है फ्लाइट सिमुलेशन टेक्निक सेंटर प्राइवेट लिमिटेड, गुरुग्राम और दूसरा है सीएई सीमुलेशन ट्रेनिंग प्राइवेट लिमिटेड, गौतम बुद्ध नगर, उत्तर प्रदेश। इन दोनों केंद्रों में से छात्र को स्वयं चुनना होगा कि वह किस केंद्र से प्रशिक्षण प्राप्त करना चाहता है।
इसके अलावा कमर्शियल पायलट के लाइसेंस और मल्टी इंजन रेटिंग ट्रेनिंग के लिए प्रक्रिया और शुल्क निर्धारण का काम इंदिरा गांधी उड़ान अकादमी, अमेठी (उत्तर प्रदेश) और चाइम्स एविएशन अकादमी, सागर (मध्यप्रदेश) तथा गर्ग एविएशंस लिमिटेड, कानपुर (उत्तर प्रदेश) द्वारा निर्धारित दरों के आधार पर छात्रों का शुल्क तय किया जाएगा।
इन्हीं एजेंसियों की दर को आधार मानते हुए छात्रों के लिए छात्रवृत्ति का निर्धारण भी होगा। इस केंद्र से प्रशिक्षण पाने के लिए छात्रों को 60.73 लाख रुपये खर्च करने पड़ सकते हैं।
राज्य सरकार भी छात्रवृत्ति मद में इतनी ही राशि खर्च करेगी। 15 छात्रों को सरकारी सुविधाओं पर प्रशिक्षण दिलाने में राज्य सरकार 9.10 करोड़ रुपये खर्च करेगी। यह राशि मंत्रिमंडल सचिवालय एवं निगरानी विभाग झारखंड सरकार से बजट में प्राप्त करेगा।
छात्रों के चयन के लिए यह होंगे मापदंड
- न्यूनतम उम्र 17 वर्ष होनी चाहिए
- छात्रों के लिए 10 प्लस टू अथवा समकक्ष डिग्री अनिवार्य होगी जिसमें भौतिकी, गणित एवं अंग्रेजी में कम से कम 50 प्रतिशत अंक लाना होगा
- मेडिकल जांच में क्लास- ।। प्राप्त करना होगा
- एससी, एसटी, ओबीसी एवं आर्थिक तौर पर पिछड़े छात्रों को अंकों में 5 प्रतिशत की छूट मिलेगी।
नामांकन के लिए चयन प्रक्रिया
- छात्रों को नागर विमानन विभाग द्वारा लिखित परीक्षा, पायलट एप्टीच्यूड, साइको मेट्रिक टेस्ट एवं इंटरव्यू पास करना होगा
- पाठ्यक्रम का निर्धारण एवं परीक्षा का आयोजन इंदिरा गांधी राष्ट्रीय उड्डयन अकादमी के तर्ज पर कराया जाएगा।
30 प्रशिक्षुओं का नामांकन मेधाक्रम इस प्रकार होगा
- अनारक्षित : 13
- अनुसूचित जनजाति : 08
- अनुसूचित जाति : 03
- पिछड़ा वर्ग एक : 02
- पिछड़ा वर्ग दो : 02
- आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग : 02
झारखंड उड्डयन संस्थान से ग्लाइडर पायलट का प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके छात्रों के लिए पांच सीट क्षैतिज रूप से आरक्षित होंगे। ऐसे छात्र नहीं मिलने की स्थिति में प्रविधान के अनुसार छात्रों का चयन किया जाएगा।

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