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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 30, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

झारखंड की एक और सीट पर महागठबंधन की बढ़ी टेंशन, अब माले ने फंसाया पेच; प्रत्याशी घोषित कर बता दिया फाइनल डिसीजन

Published: Wed, 30 Oct 2024 08:48 AM (IST)

Jharkhand Politics News भाकपा माले ने झारखंड विधानसभा चुनाव के लिए अपने उम्मीदवारों की घोषणा की है। धनवार सीट से ...और पढ़ें

झारखंड की एक और सीट पर महागठबंधन की बढ़ी टेंशन
झारखंड की एक और सीट पर महागठबंधन की बढ़ी टेंशन

HighLights

  1. माले ने धनवार सीट पर तालमेल नहीं होने को लेकर जताया अफसोस
  2. माले ने कहा- जमुआ में नहीं दिया प्रत्याशी, धनवार में डटी रहेगी पार्टी

राज्य ब्यूरो, रांची।  Jharkhand Politics News Hindi झारखंड विधानसभा चुनाव को लेकर तैयारी तेज है। इस बीच, सीटों को लेकर भाकपा माले ने सब कुछ स्पष्ट कर दिया है।

माले ने जमुआ विधानसभा क्षेत्र से अपना प्रत्याशी नहीं उतारा है। धनवार विधानसभा क्षेत्र से उसके उम्मीदवार चुनाव मैदान में डटे रहेंगे। भाकपा माले के राज्य सचिव मनोज भक्त ने मंगलवार को इस आशय की घोषणा की।

उन्होंने कहा कि बगोदर, निरसा और सिंदरी में क्रमशः विनोद सिंह, अरूप चटर्जी और चंद्रदेव महतो गठबंधन से भाकपा माले उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं। पूर्व विधायक राजकुमार यादव धनवार से भाकपा माले के उम्मीदवार हैं।

उन्होंने गठबंधन के साथ पूर्ण तालमेल नहीं होने पर अफसोस जताते हुए कहा कि गठबंधन में कई चक्र बातचीत के बावजूद धनवार सीट का विवाद हल नहीं हो सका है।

भाकपा माले धनवार सीट पर भाजपा को शिकस्त देने के लिए जोरदार तरीके से चुनाव लड़ेगी। भाजपा यहां वोटों के विभाजन के लिए अन्य उम्मीदवारों का इस्तेमाल कर रही है।

जमुआ सीट पर इसलिए उम्मीदवार नहीं दे रही पार्टी

उन्होंने आगे कहा कि जनता जानती है कि केवल भाकपा माले ही भाजपा को परास्त कर सकती है। मजदूर, किसान, छात्र, नौजवान और तमाम उत्पीड़ित सामाजिक तबके के लोग भाकपा माले के बैनर तले गोलबंद हैं और विभाजन की साजिश को नाकाम करेंगे।

गठबंधन की एकता और भाजपा को शिकस्त देने के लिए भाकपा माले जमुआ सीट पर अपना उम्मीदवार नहीं दे रही है। शेष सभी सीटों पर भाकपा माले गठबंधन के उम्मीदवारों को अपना समर्थन देने की घोषणा करती है।

पहले चरण की सीटों पर इस बार बढ़ सकती है उम्मीदवारों की संख्या

झारखंड में वर्ष 2019 में हुए पिछले विधानसभा चुनाव की तुलना में इस बार पहले चरण की 43 सीटों पर उम्मीदवारों की संख्या बढ़ सकती है। पिछले चुनाव में कुल 633 उम्मीदवारों ने चुनाव लड़ा था। इस बार स्क्रूटनी के बाद कुल 743 उम्मीदवार चुनाव मैदान में रह गए हैं।

हालांकि, बुधवार को नामांकन वापसी के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि इस बार इन सीटों पर कितने उम्मीदवार चुनाव लड़ेगे। इधर, पहले चरण की सीटों में सात सीटें ऐसी हैं, जहां इस बार उम्मीदवारों की संख्या पिछले चुनाव की तुलना में कम होना तय है।

इनमें सिमरिया, घाटशिला, इचागढ़, खरसावां, मझगांव, जगन्नाथपुर तथा भवनाथपुर सम्मिलित हैं। नामांकन वापसी के बाद ऐसी सीटों की संख्या और बढ़ सकती है। 

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