विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 28, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Jairam Mahato: '4 बच्चे पैदा करें, 2 को विद्रोह की भावना से तैयार करें'; जयराम महतो के नए बयान से सियासत तेज

Published: Sat, 28 Dec 2024 07:25 PM (GMT+05:30)

विस्थापित संघर्ष समन्वय समिति बेरमो के एक दिवसीय विस्थापित सेमिनार में डुमरी विधायक जयराम महतो ने कहा कि विस्थापितों को ...और पढ़ें

डुमरी विधायक जयराम महतो ने दिया नया बयान। फाइल फ़ोटो
डुमरी विधायक जयराम महतो ने दिया नया बयान। फाइल फ़ोटो

HighLights

  1. विस्थापित सेमिनार में बोले डुमरी विधायक, हम दो हमारे दो नहीं, बल्कि हम दो हमारे चार की तर्ज पर चलें
  2. डुमरी विधायक जयराम महतो ने यह भी कहा- अधिकार पाना है तो अपने दो बच्चों को बनाएं विद्रोही

जागरण संवाददाता, बेरमो। विस्थापित संघर्ष समन्वय समिति बेरमो का एक दिवसीय विस्थापित सेमिनार शनिवार को बिनोद बिहारी महतो फुटबाल ग्राउंड करगली में हुआ। बैठक में छह जनवरी से सीसीएल ढोरी, बीएंडके व कथारा एरिया के बेमियादी चक्का जाम आंदोलन को सफल का निर्णय लिया गया।

यहां मुख्य अतिथि डुमरी विधायक जयराम महतो ने कहा कि विस्थापित हम दो हमारे दो नहीं बल्कि हम दो हमारे चार की तर्ज पर बच्चे पैदा करें। दो बच्चों को विद्रोह की भावना के साथ तैयार करें ताकि वे अपना हक अधिकार के लिए मजबूती से लड़ सकें।

उन्होंने कहा कि कोयलांचल में हजारों किसान मासूम और भोले-भाले लोग हैं जो पिछले 70 वर्षों से अपनी लड़ाई घिस-घिस कर लड़ रहे हैं।

उन्होंने कहा कि विस्थापित कई समूहों में विभाजित हैं। सभी को निजी महत्वाकांक्षा छोड़ एक मंच पर आना होगा। विस्थापित जिस दिन एक हो जाएंगे, उस दिन यहां के विस्थापितों का शोषण बंद हो जाएगा।

हम अपनी जान को हथेली पर रख कर चल रहे हैं- महतो

  • जयराम महतो ने कहा कि हम अपनी जान को हथेली पर रख कर चल रहे हैं ताकि झारखंड की अवाम की आवाज बन सकें और उन्हें न्याय दिला सकें।
  • उन्होंने कहा कि विस्थापितों की जमीन से निकलने वाला कोयला लूटकर यहां के माफिया राज कर रहे हैं और विस्थापित अधिकार के लिए दर-दर भटक रहे हैं। कहा कि माफिया के हौसले बुलंद हैं, उसे कुचलना होगा और पूरे झारखंड से भगाना होगा।
  • डुमरी विधायक ने कहा कि प्रशासन भी सीसीएल की तरफदारी करता है। प्रशासन की नाक के नीचे विस्थापितों की जमीन को लूटकर उनके संवैधानिक अधिकारों पर रोज हमले हो रहे हैं लेकिन उन्हें दिखाई नहीं देता। कहा कि छह जनवरी से आहूत बेमियादी चक्काजाम आंदोलन में वे पूरी ताकत के साथ खड़े हैं।

विस्थापितों की भी आवाज उठाने का काम करें जयराम- अध्यक्ष लखनलाल महतो

वहीं, अध्यक्ष लखनलाल महतो ने कहा कि विधायक जयराम महतो जिस तेवर के लिए जाने जाते हैं, उसी तेवर के साथ विधानसभा में विस्थापितों की भी आवाज उठाने का काम करें। पिछली बार मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने विस्थापित आयोग बनाने की घोषणा की थी। लेकिन अबतक विस्थापन आयोग नहीं बना।

उन्होंने कहा कि बहुत सी बातों को जेबीसीसीआइ में कोल इंडिया अध्यक्ष के सामने उठाया गया था। जिसमे दो एकड़ की सीलिंग को खत्म कर, जिनको 10-20 डिसमिल व एकड़ में जमीन और मकान है उन्हें भी नियोजन देते हुए सीलिंग को हटाने की मांग की। परंतु मामले को लेकर प्रबंधन द्वारा अबतक कोई पहल नहीं की गई है।

महासचिव ने नौ प्रस्ताव पढ़कर सुनाए

महासचिव काशीनाथ केवट ने नौ प्रस्ताव पढ़कर सुनाए। जिसमें विस्थापन आयोग का गठन अविलंब करने एवं समिति के एक नेता को उसमें शामिल करने, बेरमो कोयलांचल के तीनों एरिया के विस्थापितों के लंबित नियोजन को देने, 2013 के आरएफसीटीएल एंडआरआर एक्ट के अनुसार चार गुणा मुआवजा पेमेंट करने, रेलवे रैक में ठेकेदार का पेलोडर बंद करने और मैनुअल लोडिंग चालू करने की मांग रखी।

उन्होंने डुमरी विधायक जयराम महतो समेत अन्य कार्यकर्ताओं पर ढोरी प्रबंधन द्वारा थोपे गए मुकदमे को वापस लेने की मांग की। सेमिनार की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष लखनलाल महतो ने की और संचालन ड़ा. दशरथ महतो ने किया। 

यह भी पढ़ें-

Maiya Samman Yojana को लेकर आया नया अपडेट, सीएम हेमंत ने दिया बड़ा बयान, बोले- महिलाओं को...

झारखंड में नए प्रयोग की तैयारी में जुटी BJP, इस दिग्गज को मिल सकती है प्रदेश की कमान