यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 30, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Mahakumbh Special Train: महाकुंभ जाने वालों के लिए खुशखबरी! कटड़ा से प्रयागराज के लिए चलेंगी 2 और स्पेशल ट्रेन
महाकुंभ में स्नान करने के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे ने श्री माता वैष्णो ...और पढ़ें

HighLights
- महाकुंभ जाने वालों के लिए अच्छी खबर
- कटड़ा से महाकुंभ के लिए चलेंगी 2 और ट्रेन
- बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे ने लिया फैसला
जागरण संवाददाता, जम्मू। महाकुंभ में स्नान करने के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे ने श्री माता वैष्णो देवी कटड़ा रेलवे स्टेशन से प्रयागराज के लिए दो और विशेष रेलगाड़ियां चलाने की घोषणा की है।
महाकुंभ के लिए दो और स्पेशल ट्रेन चलाने की घोषणा
रेलगाड़ी 04613/04614 श्री माता वैष्णो देवी कटड़ा-फाफामऊ- कटड़ा आरक्षित स्पेशल एक्सप्रेस चलाई जा रही है। कटड़ा से फाफामऊ के लिए यह विशेष रेलगाड़ी 18 तथा 23 फरवरी को कुल दो फेरे लगाएगी।
रेलगाड़ी 04613 कटड़ा से सुबह 3:50 बजे प्रस्थान करके अगले दिन सुबह 4:25 बजे फाफामऊ पहुंचेगी। वापसी में यह ट्रेन 04614 फाफामऊ से कटड़ा के लिए 19 तथा 24 फरवरी को चलेगी। यह ट्रेन संख्या 04614 फाफामऊ से शाम 7:30 बजे प्रस्थान करके अगले दिन रात दस बजे कटड़ा पहुंचेगी।
महाकुंभ के लिए फरवरी में चलेंगे 4 स्पेशल ट्रेने
रास्ते में यह ऊधमपुर, जम्मू तवी, कठुआ, पठानकोट कैंट, जालंधर कैंट, लुधियाना, अम्बाला छावनी, सहारनपुर, रुड़की, मुरादाबाद, बरेली, लखनऊ व रायबरेली स्टेशनों पर दोनों दिशाओं में ठहरेगी। सात व 14 फरवरी को भी रेलवे कटड़ा से दो विशेष ट्रेन चला रहा है। फरवरी में महाकुंभ के लिए यहां से कुल चार विशेष रेलगाड़ियों को चलाया जा रहा है।
महाकुंभ में लंगर लगाना बनी संतों की दिनचर्या
प्रयागराज में महाकुंभ में कई साधु संत एक महीने पहले से ही डेरा डाले हुए हैं, जो वहां बैठकर धार्मिक अनुष्ठान में जुटे हुए हैं। इनमें कठुआ जिले के छन्न अरोड़ियां के महामाया मंदिर के महंत मोहन गिरी महाराज भी शामिल है, जो गत 11 दिसंबर से ही महाकुंभ मेले में डेरा डाले हुए हैं।
श्री पंच दशनम जूना अखाड़ा से मोहन गिरी महाराज ने महाकुंभ प्रयाग में अपने पंडाल की तैयारियों को अंजाम देने के बाद अपने अखाड़े के कुछ अन्य साधुओं के साथ भी सहयोग करके उनके पंडाल लगाने के लिए अपने गुरु हरि गिरी जी महाराज के आशीर्वाद से उत्तर प्रदेश की योगी सरकार से अनुमति लेकर सरकारी औपचारिकताएं पूरी कराई।
पंडाल लगाकर धार्मिक अनुष्ठान कर रहे हैं संत
इसके बाद खुद वहां अपना पंडाल लगाकर प्रतिदिन धार्मिक अनुष्ठान कर रहे हैं। ऐसे में महाकुंभ शुरू होने से पहले खुद प्रतिदिन स्नान करने के बाद हवन जप मंत्र में व्यस्त रहे। उसके बाद जब से महाकुंभ का शुभारंभ हुआ है, तभी से उनकी धार्मिक व्यस्तता पवित्र नगरी प्रयागराज में देखते ही बनती है।
इसमें उनकी दिनचर्या में प्रतिदिन सुबह स्नान के बाद धार्मिक अनुष्ठान में हवन से शुरू होकर प्रतिदिन पंडाल में आने वाले हर तरह के साधुओं को मेहमान की तरह भोजन खिलाना, उसके बाद उन्हें चाहे कितनी भी संख्या में साधु हों, दान दक्षिणा देकर सम्मानपूर्वक विदा करना।
