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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 01, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

'अफवाहों पर न दें ध्‍यान, मेरी उपराज्‍यपाल बनने में नहीं है कोई दिलचस्‍पी'; श्रीनगर में बोले गुलाम नबी आजाद

By satnam singhEdited By: Himani Sharma
Published: Sun, 01 Oct 2023 05:38 PM (GMT+05:30)

Jammu Kashmir News डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी की स्थापना का एक साल पूरा होने पर श्रीनगर में पार्टी कार्यकर्ताओं की ...और पढ़ें

श्रीनगर में गुलाम नबी आजाद ने जनता को किया संबोधित (फाइल फोटो)
श्रीनगर में गुलाम नबी आजाद ने जनता को किया संबोधित (फाइल फोटो)

HighLights

  1. गुलाम नबी ने श्रीनगर में जनता को किया संबोधित।
  2. आजाद ने कहा कि मैं जम्मू कश्मीर नौकरी के लिए नहीं आया हूं मैं लोगों की सेवा करना चाहता हूं।

राज्य ब्यूरो, जम्मू: डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी के चेयरमैन और पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद ने कहा है कि जम्मू कश्मीर का उपराज्यपाल बनने में उनकी कोई दिलचस्पी नहीं है। उन्होंने कहा कि वह अपने लिए रोजगार नहीं देख रहे हैं बल्कि जम्मू कश्मीर के लोगों की सेवा करना चाहते हैं।

नबी ने कहा कि मैं लोगों से आग्रह करता हूं कि वे इस तरह की अफवाहों पर विश्वास ना करें। उन्होंने यह भी कहा कि जम्मू कश्मीर में पिछले नौ सालों में सियासी गलतियां की गई है जिसने प्रदेश को पीछे धकेल दिया है। उन्होंने कहा कि लोग बेसब्री से चुनाव का इंतजार कर रहे हैं लेकिन आज तक चुनाव नहीं करवाए गए।

जम्‍मू कश्‍मीर आया हूं नौकरी करने- गुलाम नबी

आजाद ने कहा कि ऐसी अफवाहें चलाई जा रही थी कि वह जम्मू कश्मीर के अगले उपराज्यपाल हो सकते हैं। आजाद ने कहा कि मैं जम्मू कश्मीर नौकरी के लिए नहीं आया हूं मैं लोगों की सेवा करना चाहता हूं।

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डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी की स्थापना का एक साल पूरा होने पर श्रीनगर में पार्टी कार्यकर्ताओं की रैली को संबोधित करते हुए आजाद ने कहा कि कुछ लोग यह दर्शाने की कोशिश कर रहे हैं कि वह अपना पुनर्वास देख रहे हैं। जब मैं 2005 में जम्मू कश्मीर का मुख्यमंत्री बना था तो मैं केंद्र में आवास एवं शहरी विकास और संसदीय मामलों का मंत्रालय छोड़ कर आया था।

बेरोजगारी और महंगाई लोगों की मुख्‍य समस्‍याएं

यह मंत्रालय बहुत अहम होते हैं। उन्होंने कहा कि कुछ लोग यह पेश करने की कोशिश कर रहे हैं कि भाजपा के कहने पर मैं जम्मू कश्मीर की राजनीति में वापस आया हूं। यह सही नहीं है उन्होंने कहा कि बेरोजगारी और महंगाई लोगों की मुख्य समस्याएं हैं जिनका समाधान होना चाहिए और पर्यटन की क्षमता को बढ़ावा देकर ऐसी समस्याओं का समाधान किया जा सकता है। यह सही है कि महंगाई सिर्फ भारत में नहीं है बल्कि इससे अमेरिका और यूरोप भी इससे अछूता नहीं रहा है लेकिन हम एक गरीब देश हैं बेरोजगारी चरम पर है नौकरियां नहीं है।

पढ़े-लिखे युवाओं के लिए नहीं रोजगार

सरकार विज्ञापन निकलती है लेकिन साक्षात्कार नहीं होते पढ़े-लिखे युवाओं के लिए रोजगार नहीं है। उन्होंने कहा कि पर्यटन में क्षमता है कि समाज के सभी वर्गों के लोगों के लिए आजीविका उपलब्ध करवाई जा सकती हैं। ट्यूलिप गार्डन पर उन्होंने कहा कि जो 2007 में बना था इसमें कई लोगों को रोजगार उपलब्ध करवाया गया। मैंने मुख्यमंत्री रहते हुए जम्मू कश्मीर के हर जिला में 10- 12 पर्यटन स्थलों को विकसित किया।

अनुच्छेद 370 और 35 ए को हटाए जाने सियासी गलती

अनुच्छेद 370 और 35 ए को हटाए जाने का जिक्र करते हुए गुलाम नबी आजाद ने कहा कि यह एक बहुत बढ़ी सियासी गलती थी। उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर में पिछले कुछ सालों से सियासी गलतियां हुई है जिसने प्रदेश को पीछे धकेल दिया है। पिछले 9 वर्षों के दौरान एक बड़ी गलती अनुच्छेद 370 और 35 ए को हटाने को लेकर हुई है। अनुच्छेद 35 ए और 35 बी देश की आजादी के बाद नहीं लागू किए गए बल्कि इसे महाराजा हरि सिंह ने 1925 में लाया था।

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स्टेट सब्जेक्ट के माध्यम से जम्मू कश्मीर के युवाओं की नौकरियों को पक्का किया था। असमंजस की स्थिति है कि हमारी भूमि हमारे पास रहेगी या नहीं। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा कि वे विपक्ष पर हमला न करें। उन्होंने नशा माफिया में शामिल लोगों को मौत की सजा देने की वकालत की। उन्होंने कहा कि नशा तस्करी एक बहुत बड़ी समस्या बन गया है और इससे कई लोग करोड़पति बन गए हैं उन्हें मौत की सजा मिलनी चाहिए।