यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 09, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
उखड़े फ्लाईओवर पर पहुंचे उपमुख्यमंत्री, अधिकारियों को लगाई फटकार; कहा, जनता को नहीं होनी चाहिए परेशानी
जम्मू के उपमुख्यमंत्री सुरेंद्र चौधरी ने लोक निर्माण विभाग को फ्लाईओवर की उखाड़ी गई सड़क को तुरंत ठीक करने के ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, जम्मू। उपमुख्यमंत्री सुरेंद्र चौधरी ने लोक निर्माण विभाग को फटकार लगाते हुए बिना देरी फ्लाईओवर की उखाड़ी गई सड़क को ठीक करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि संबंधित ठेकेदार को तब तक पेमेंट जारी नहीं की जाएगी जब तक ट्रैफिक विभाग और प्रशासन एनओसी जारी नहीं करता।
उपमुख्यमंत्री शुक्रवार देर शाम ब्रिगेडियर राजेंद्र सिंह चौक के नजदीक उखाड़े गए फ्लाईओवर का औचक निरीक्षण करने पहुंचे। उनके साथ एडीसी, एसएसपी ट्रैफिक व लोक निर्माण विभाग के अधिकारी भी मौजूद थे।
उन्होंने सीईओ आफिस के नजदीक से पैदल ही फ्लाईओवर का दौरा शुरू किया। उन्होंने फटकार लगाते हुए कहा कि कितने दिनों से फ्लाईओवर को उखाड़ रखा है। जनता परेशान है। आज दिन तक तारकोल नहीं डाली जा सकी।
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उन्होंने एसएसपी ट्रैफिक को निर्देश दिए कि वह फ्लाईओवर पर कुछ देर के लिए ट्रैफिक बंद करवा कर काम को पुरा करवाने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि जो थोड़े से हिस्से पर तारकोल डाली गई है, उसकी गुणवत्ता को भी देखें। हल्का काम नहीं होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वह रात के समय ज्यादा मशीनरी लगवा कर काम पूरा करें ताकि जनता को राहत मिल सके।
उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर तारकोल डाली तो गई है लेकिन पानी की निकासी का उचित प्रबंधन नजर नहीं आ रहा। उन्होंने अधिकारियों को इसका भी ध्यान रखने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने उन्हें बताया कि बारिश के चलते तारकोल डालने का काम लंबित हुआ है। साथ-साथ काम पूरा करवाया जाएगा।
दैनिक जागरण ने 25 जुलाई को इस फ्लाईओवर को उखाड़ने और बारिश के बीच तारकोल डालने के मुद्दे को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। विभाग ने भरोसा दिलाया था कि मौसम साफ होते ही फ्लाईओवर पर तारकोल डाली जाएगी।
अभी तक मात्र थोड़े से हिस्से पर ही तारकोल डाली जा सकी है। ज्यूल चौक से ब्रिगेडियर राजेंद्र सिंह चौक तक फ्लाईओवर की दोनों ट्यूब खोदी जा चुकी हैं। यहां से पुरानी तारकोल हटाकर नई तारकोल डालने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
