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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 10, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Himachal News: 'हिमाचल को 2026 तक बनना है ग्रीन एनर्जी स्टेट' CM सुक्‍खू ने दिए निर्देश; युवाओं के लिए बढ़ेंगे रोजगार

Published: Sat, 10 Feb 2024 09:12 PM (IST)

Himachal News हिमाचल प्रदेश को 2026 तक ग्रीन एनर्जी स्‍टेट बनाने की तैयारियां शुरू हो गई है। हिमाचल में आने ...और पढ़ें

हिमाचल को 2026 तक बनना है ग्रीन एनर्जी स्टेट (फाइल फोटो)
हिमाचल को 2026 तक बनना है ग्रीन एनर्जी स्टेट (फाइल फोटो)

जागरण संवाददाता, शिमला। हिमाचल को 2026 तक ग्रीन एनर्जी स्टेट बनाने के निर्देश मुख्यमंत्री ने विभाग को दिए हैं। विभाग ने इस दिशा में काम शुरू किया है। सरकार ने ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने के साथ ही युवाओं को रोजगार मिल सके, इस दिशा में काम करना शुरू कर दिया है।

युवाओं को बिजली के क्षेत्र में आने के लिए पूंजीगत निवेश की चिंता सताती है। युवा इस क्षेत्र में आसान ऋण यदि पूंजीगत निवेश के लिए मिलता है तो सरकार के कदम के साथ कदम मिलाने के लिए तैयार दिखते हैं।

राज्य की आर्थिकी में एक समय बिजली की अहम भूमिका थी, राज्य को बिजली बेच तक अरबो की आय होती थी, लेकिन बिजली की मांग घटने के बाद से इसमें कमी आई हैं। बजट में बिजली की ट्रेडिंग के लिए बेहतर काम करने की योजना आती है तो राज्य को बिजली को बेचने से मिलने वाली आय में इजाफा हो सकता है।

राज्‍य सरकार को बिजली बेचने से 1800 करोड़ रुपये की होती है आय

राज्य सरकार को बिजली को बेचने से 1800 करोड़ रुपये की सालाना आय होती है। इसके साथ ही बिजली प्रोजेक्टों से मिलने वाली रायल्टी भी करोड़ों में रहती है। पहाड़ी प्रदेश में 27,436 मेगावाट पनविद्युत उत्पादन की क्षमता है। इसमें से अभी 10,781 मेगावाट पनविद्युत उत्पादन हो रहा है। ऊर्जा क्षेत्र में उत्पादन बढ़ाने की दिशा में अब सौर ऊर्जा के क्षेत्र में ज्यादा काम हो रहा है।

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वर्तमान में 100 किलोवाट से लेकर एक मेगावाट तक की सौर ऊर्जा परियोजनाओं की स्थापना पर युवाओं को 40 प्रतिशत सब्सिडी देने का प्रावधान है। इससे हरित राज्य बनाने के वर्तमान राज्य सरकार के प्रयासों को भी इससे बल मिल रहा है। इन प्रोजेक्टों से सरकार 25 वर्ष के लिए बिजली की खरीद करेगी, ये भी युवाओं को गारंटी है, युवाओं को आसान ऋण योजना का इन प्रोजेक्टों के लिए इंतजार है।

इलेक्ट्रीक चाज्रिंग स्टेशन पर भी अनुदान बढ़ने की आस

हिमाचल में आने वाले समय में ई वाहनों की संख्या बढे़गी, राज्य सरकार के वर्तमान के प्रयासों से ये तय दिख रहा है। इसलिए राज्य में इन स्टेशनों को लगाने के लिए अनुदान की प्रतिशतता बढ़ाने या फिर लीज पर जमीन मिलने की घोषणा का इंतजार प्रदेश के लोगों को हैं।

मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि राज्य में बिजली को क्षेत्र में उनकी सरकार ने काफी बेहतर काम किए हैं। युवाओं को रोजगार देने से लेकर बिजली से चलने वाले वाहनों को बढ़ावा दिया है। राज्य को ग्रीन एनर्जी राज्य बनाने की दिशा में काम किया जा रहा है। इस लक्ष्य को हासिल कर पूरे देश के सामने हिमाचल माडल राज्य बनेगा। -मुख्‍यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्‍खू

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