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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 16, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

RERA कार्यालय शिमला से धर्मशाला शिफ्ट करने पर हाई कोर्ट ने लगाई रोक, सरकार की दलील अस्वीकार करते हुए की यह टिप्पणी

Published: Wed, 16 Jul 2025 02:25 PM (IST)

Himachal Pradesh High Court हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने रेरा (रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी) कार्यालय को धर्मशाला स्थानांतरित करने पर ...और पढ़ें

हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट का शिमला स्थित परिसर।
हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट का शिमला स्थित परिसर।

विधि संवाददाता, शिमला। हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट ने रेरा (रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी) कार्यालय को धर्मशाला शिफ्ट करने पर रोक लगा दी है। मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया और न्यायाधीश रंजन शर्मा ने जनहित याचिका में अंतरिम राहत को लेकर दायर आवेदन की सुनवाई के पश्चात यह आदेश जारी किए हैं।

प्रार्थी ने आवेदन में कहा है कि सरकार केवल नीति निर्धारक होने के नाते इस कार्यालय को धर्मशाला शिफ्ट करने पर तुली हुई है, जबकि सरकार के पास एक भी ऐसा तर्कसंगत कारण नहीं है जिस कारण यह कार्यालय धर्मशाला शिफ्ट किया जाए।

प्रार्थी का कहना है कि यदि रेरा कार्यालय को धर्मशाला शिफ्ट किया जाता है तो अधिकांश भर्तियां नए सिरे से करनी पड़ेंगी और नए कर्मी रेरा कार्यालय के कार्यों में पारंगत न होने के कारण अथॉरिटी के मकसद को पूरा नहीं कर पाएंगे। कोर्ट को बताया गया कि रेरा कार्यालय में अधिकतर कर्मी आउटसोर्स पर कार्यरत हैं और उन्हें कार्यालय शिफ्ट होने पर विस्थापित होना पड़ेगा।

शिमला में भीड़ कम करने की मंशा से कार्यालय शिफ्ट किए जा रहे

सरकार की ओर से बताया गया कि अंतरिम राहत से जुड़े आवेदन का जवाब तैयार है, इसलिए जवाब रिकार्ड पर आने पर आवेदन पर फैसला लिया जाए। कोर्ट को बताया गया कि सरकार शिमला में भीड़ को कम करने के मकसद और धर्मशाला को अधिक विकसित करने की मंशा से कुछ कार्यालय शिफ्ट करने जा रही है और इनमें रेरा कार्यालय भी शामिल है।

सरकार की दलील अस्वीकार की

कोर्ट ने सरकार की दलील को अस्वीकार करते हुए कहा कि रेरा के 20-25 कर्मचारियों को शिफ्ट करने से शिमला को भीड़ मुक्त करने की कोशिश अदालत की समझ से परे है। कोर्ट ने मामले की सुनवाई 13 अगस्त को निर्धारित करते हुए रेरा कार्यालय को धर्मशाला शिफ्ट करने पर रोक लगा दी।

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प्रबोध सक्सेना सेवाविस्तार मामले पर 13 अगस्त को होगी सुनवाई

हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट ने मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना को दिए सेवाविस्तार से जुड़े मामले पर भी सुनवाई 13 अगस्त को निर्धारित करने के आदेश जारी किए।

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