विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 17, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Mandi Cloudburst: आधी रात आई तबाही ने मिटाया आधा आरंग गांव, घर-दुकानें व गाड़ियां बही, जरा सी चूक होती तो धराली जैसा होना था मंजर

Published: Sun, 17 Aug 2025 01:03 PM (IST)Updated: Sun, 17 Aug 2025 02:18 PM (IST)

Cloudburst in Mandi मंडी में बादल फटने से आरंग गांव में भारी तबाही हुई। गनीमत रही कि कोई जानहानि नहीं ...और पढ़ें

मंडी में बादल फटने से तबाह हुआ आरंग गांव, जहां बाढ़ का पानी बह रहा है वहां घर थे।
मंडी में बादल फटने से तबाह हुआ आरंग गांव, जहां बाढ़ का पानी बह रहा है वहां घर थे।

जागरण टीम, मंडी। Cloudburst in Mandi, हिमाचल प्रदेश में मंडी जिले के द्रंग विधानसभा क्षेत्र में स्थित रोपा बथेरी के गांव आरंग अमरगढ़ में बादल फटने से भारी तबाही हुई है। इस आपदा के कारण आरंग बस स्टैंड एक उफनते नाले में बदल गया, जिससे आसपास की सभी दुकानें क्षतिग्रस्त हो गई हैं।

बादल फटने से आई बाढ़ इतनी तेज थी कि वह गांव के बीच से होकर गुज़री, जिसने पल भर में बसे-बसाए गांव का नक्शा बदल दिया। आधा गांव बाढ़ ने तबाह कर दिया है।

यदि लोग समय रहते घर न निकलते तो उत्तराखंड के धराली जैसी घटना होना तय थी। पहाड़ी क्षेत्र में बादल फटने के बाद अचानक आरंग गांव की ओर जल सैलाब आ गया व देखते ही देखते गांव के बीच से बड़ी जलधारा बहने लगी। जिसे देख लोग सहम गए। 

जिला मंडी में द्रंग क्षेत्र के तहत आरंग गांव के बीच से बहता जल सैलाब। यहां घर व दुकानें थीं जो बह गई हैं। जागरण

गनीमत यह रही कि इस घटना में किसी भी तरह का जानी नुकसान नहीं हुआ है। लोग समय रहते खतरे को भांप गए व घरों से भागकर सुरक्षित स्थान पर चले गए। यदि जरा सी देर हो जाती तो बड़ा जानी नुकसान तय था। आधी रात को गांव में जान बचाने के लिए लोगों में अफरा तफरी मच गई। 

जान बची पर नहीं बचे आशियाने

लोगों की संपत्ति को भारी क्षति हुई है। पांच घरों का नामोनिशान मिट गया है, इसके अलावा अन्य घर भी बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हैं। पीड़ित लोग कह रहे हैं जान तो बच गई पर आशियाने नहीं बच पाए। बाढ़ के पानी में पांच घर, दो पशुशालाएं, 10 दोपहिया वाहन और दो गाड़ियां बह गईं। इसके अलावा अन्य घरों व दुकानों को भी नुकसान हुआ है।

सामान को निकालने के प्रयास में लोग

इस विनाश के बावजूद, जिन दुकानदारों का थोड़ा-बहुत सामान बच गया है, वे उसे बचाने और निकालने के प्रयास में जुटे हुए हैं। यह घटना कुदरत के कहर को दर्शाती है, जिससे स्थानीय लोगों का जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।

यह भी पढ़ें- Himachal Weather: हिमाचल में जानलेवा बरसात, 262 लोगों की मौत, 24 घंटे में 10 की गई जान, अभी राहत के नहीं आसार

यह भी पढ़ें- Chamba News: चंबा में दो दर्दनाक हादसे, बाइक पहाड़ी से टकराने से एक की मौत; सड़क से चमेरा डैम में जा गिरा व्यक्ति