Delhi Pollution: पड़ोसी राज्यों में खूब जलाई जा रही पराली, पंजाब में नौ प्रतिशत अधिक मामले, देखें रिपोर्ट
Delhi Pollution आयोग का कहना है कि उसने इस मामले को पंजाब सरकार के मुख्य सचिव के समक्ष उठाया है। साथ पराली जलाने की घटनाओं को रोकने के लिए एक्शन प्लान को प्रभावी तरीके से लागू करने की सिफारिश की है।

नई दिल्ली [रणविजय सिंह]। Delhi Pollution: दिल्ली में प्रदूषण की रोकथाम के लिए पड़ोसी राज्यों में पराली जलाने पर रोक के बावजूद बड़े स्तर पर पराली जलाई जा रही है। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) द्वारा बृहस्पतिवार को जारी रिपोर्ट में कहा गया है कि इस साल पंजाब में पिछले साल के मुकाबले पराली जलाने की घटनाएं अब तक नौ प्रतिशत बढ़ी हैं। वहीं हरियाणा में पराली जलाने की घटनाएं पिछले साल के मुकाबले 26 प्रतिशत कम हुई है। पंजाब में पराली जलाए जाने से दिल्ली में प्रदूषण हो रहा है।
एक्शन प्लान को प्रभावी तरीके से लागू करने की सिफारिश
एक दिन पहले दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा था कि इस बार पंजाब में पराली जलाने की घटनाएं कम हुई हैं। उत्तर प्रदेश और हरियाणा में पराली जलाने की घटनाएं बढ़ी है। जबकि आयोग द्वारा जारी रिपोर्ट में इसके उलट दावा किया है। आयोग ने पंजाब में पराली जलाने जाने की घटनाओं पर चिंता जाहिर की है। आयोग का कहना है कि उसने इस मामले को पंजाब सरकार के मुख्य सचिव के समक्ष उठाया है। साथ पराली जलाने की घटनाओं को रोकने के लिए एक्शन प्लान को प्रभावी तरीके से लागू करने की सिफारिश की है।
पराली जलाने की 61 प्रतिशत घटनाएं छह दिन में
आयोग के अनुसार इसरो द्वारा विकसित मानक प्रोटोकाल के डाटा के अनुसार इस वर्ष 15 सितंबर से 26 अक्टूबर के बीच पंजाब में पराली जलाने की कुल घटनाएं 7,036 हुई हैं। जबकि पिछले वर्ष इस अवधि में 6,463 घटनाएं हुई थीं। इस साल पंजाब में पराली जलाने की 70 प्रतिशत घटनाएं (4899) छह जिलों में हुई हैं, जिसमें अमृतसर, फिरोजपुर, गुरदासपुर, कपूरथला, पटियाला और तरनतारन में हुई हैं। खास बात यह है कि पराली जलाने की करीब 61 प्रतिशत घटनाएं (4315) छह दिनों में हुई हैं।
आयोग की पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के साथ बैठक
आयोग के अनुसार पंजाब में 24 अक्टूबर तक केवल 39 प्रतिशत बोए हुए क्षेत्र से फसल की कटाई हुई थी। ऐसे में पराली जलाने की घटनाएं बढ़ सकती हैं। पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं के मद्देनजर आयोग ने पंजाब सरकार के मुख्य सचिव, कृषि और किसान कल्याण, पर्यावरण, बिजली विभाग और पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के साथ बैठक कर परामर्श भी किया है।
हरियाणा में पराली जलाने की 1495 घटनाएं
आयोग ने पंजाब सरकार को पराली के निस्तारण के लिए अतिरिक्त मशीनों की खरीद तेज करने की सिफारिश की है। ताकि किसानों को पराली जलाने की जरूरत न पड़े। आयोग के अनुसार हरियाणा में 15 सितंबर से 26 अक्टूबर के बीच पराली जलाने की 1495 घटनाएं हुईं। जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में 2010 घटनाएं हुई थीं। आयोग ने हरियाणा सरकार से भी पराली जलाने की घटनाओं को नियंत्रित करने की सिफारिश की है।
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