Delhi Metro News: लाखों यात्रियों का सफर आसान करने जा रहा DMRC, मेट्रो से घर तक कम समय में पहुंचेंगे लोग
Delhi Metro Last Mile Connectivity दिल्ली मेट्रो के विभिन्न स्टेशनों से 663 ई-आटो सड़क पर उतरने की योजना डीएमआरसी ने बनाई है। अगस्त से ही द्वारका सेक्टर नौ स्टेशन से शुरू 50 ई-आटो का परिचालन होना था लेकिन देरी हो रही है। जल्द ही यह योजना धरातल पर उतरेगी।

नई दिल्ली, राज्य ब्यूरो। दिल्ली मेट्रो में सफर करने वाले यात्रियों को लास्ट माइल कनेक्टिविटी की बेहतर सुविधा के लिए डीएमआरसी (दिल्ली मेट्रो रेल निगम) ने कई पहल की। इसके तहत दिल्ली में मेट्रो फीडर बस, ई-रिक्शा, ई-स्कूटर, विभिन्न स्टेशनों से साइकिल शेयरिंग जैसी सुविधा शुरू की गईं। लेकिन इनमें से कोई भी प्रयास ज्यादा सफल नहीं हो पाया।
चार्जिंग सुविधा नहीं उपलब्ध होने से देरी
लास्टमाइल कनेक्टिविटी के मद्देनजर दिल्ली के विभिन्न स्टेशनों से ई-आटो का परिचालन शुरू करने की योजना है। इसके लिए भी निर्धारित समय सीमा बीतने के डेढ़ माह बाद भी डीएमआरसी अब तक एक भी स्टेशन से ई-आटो का परिचालन शुरू नहीं कर पाया है। यह भी तब जब डीएमआरसी एक निजी कंपनी को तीन माह पहले परिचालन के लिए जिम्मेदारी दे चुका है। बताया जा रहा है कि स्टेशनों पर अभी चार्जिंग की सुविधा नहीं हो पाने से योजना पर अमल में देरी हुई है।
डीएमआरसी का दावा, जल्दी शुरू होगा ई-आटो का परिचालन
उधर, डीएमआरसी का कहना है कि इस योजना को लेकर कोई अड़चन नहीं है। जल्द ही चरणबद्ध तरीके से विभिन्न मेट्रो स्टेशनों से ई-आटो का परिचालन शुरू किया जाएगा। डीएमआरसी के अनुसार लास्ट माइल कनेक्टिविटी के लिए इस वर्ष के अंत तक विभिन्न स्टेशनों से 663 ई-आटो का परिचालन शुरू किया जाना है। इसके लिए डीएमआरसी ने जुलाई में 300 ई-आटो परिचालन के लिए स्वीकृति दे दी थी। ये ई-आटो महिला चालक चलाएंगी।
लक्ष्य से पीछे चल रहा डीएमआरसी
डीएमआरसी की मानें तो पहले चरण में अगस्त में द्वारका सेक्टर नौ मेट्रो स्टेशन से 50 ई-आटो का परिचालन शुरू करने का लक्ष्य था। इसके बाद द्वारका के विभिन्न स्टेशनों से 136 ई-आटो का परिचालन होना था। इसके बाद कई अन्य स्टेशनों से वर्ष के अंत तक ई-आटो का परिचालन करने की योजना है, लेकिन अभी तक द्वारका के स्टेशनों से ई-आटो का परिचालन शुरू नहीं हो पाया है।
3-4 किलोमीटर के दायरे में चलेंगे ई-आटो
यात्रियों को मेट्रो स्टेशन पर उतरने के बाद अक्सर अपने गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसके मद्देनजर ई-आटो का परिचालन शुरू करने का फैसला हुआ है। ये ई-आटो मेट्रो स्टेशन से तीन से चार किलोमीटर के दायरे में चलेंगे। इसका किराया भी डीएमआरसी तय करेगा, ताकि यात्रियों पर किफायती शुल्क पर लास्ट माइल कनेक्टिविटी की सुविधा मिल सके।
मौजूदा समय में लास्ट माइल कनेक्टिविटी के साधन
- एसी लो फ्लोर इलेक्ट्रिक एसी मेट्रो फीडर बसों का परिचालन- 56
- फीडर बसों की रूटों की संख्या- पांच
- स्टेशनों की संख्या जहां से उपलब्ध होती हैं फीडर बस- नौ
- दूरी के अनुसार फीडर बसों का किरायाचार किलोमीटर- 10 रुपये
- चार से आठ किलोमीटर- 15 रुपये
- आठ से 12 किलोमीटर- 20 रुपये
- 12 किलोमीटर से अधिक- 25 रुपये
- लास्ट माइल कनेक्टिविटी के अन्य साधन
- ई-रिक्शा- 30 स्टेशनों पर 295 ई रिक्शा उपलब्ध।
- किराया- पांच किलोमीटर के लिए 10 रुपये। इसके बाद प्रति किलोमीटर पांच रुपये अतिरिक्त शुल्क।
- ई-स्कूटर- विश्वविद्यालय, मंडी हाउस, नेहरू एंक्लवे, आइआइटी व कश्मीरी गेट स्टेशन पर 30 ई-स्कूटर उपलब्ध हैं।
- शेयरिंग साइकिल- 11 स्टेशनों पर 994 साइकिल उपलब्ध, दो घंटे के लिए 10 रुपये किराया निर्धारित है।
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