सिराज और पंत के सेलेक्शन पर होंगी नजरें, न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए आज हो सकता है भारतीय टीम का एलान
वनडे प्रारूप में टीम को मध्यक्रम में बल्लेबाजी करने वाले विकेटकीपर की जरूरत है। ऐसा विकेटकीपर जो पांचवें या छठे नंबर पर बल्लेबाजी करने में सहज हो। पंत ...और पढ़ें
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11 जनवरी से शुरू होगी वनडे सीरीज।
नई दिल्ली, पीटीआई : न्यूजीलैंड के विरुद्ध 11 जनवरी से शुरू होने वाली तीन मैचों की वनडे सीरीज के लिए शनिवार को जब चयनकर्ता भारतीय टीम का चयन करने बैठेंगे तो जिन दो खिलाड़ियों को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा होगी, वो होंगे विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत और तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज। दक्षिण अफ्रीका के विरुद्ध हाल ही में हुई वनडे सीरीज जीतने वाली टीम में बड़ा बदलाव होने की संभावना नहीं है, लेकिन अजीत अगरकर की अध्यक्षता वाली चयन समिति दो मुद्दों पर ध्यान दे सकती है।
शानदार फॉर्म में हैं ईशान
पहला मुद्दा पंत की दूसरे विकेटकीपर के रूप में स्थिति हो सकती है, क्योंकि ईशान किशन झारखंड के लिए मध्य क्रम में शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं और ध्रुव जुरैल ने भी घरेलू क्रिकेट में उत्तर प्रदेश के लिए बड़ा शतक जड़ा है। अगरकर और मुख्य कोच गौतम गंभीर की पहचान टीम संयोजन के आधार पर खिलाड़ियों के चयन की है। टीम संयोजन के कारण ही उन्होंने टी20 मैचों के लिए संजू सैमसन और किशन जैसे आरंभिक बल्लेबाजों को चुना है।
विकेटकीपर बैटर की जरूरत
वनडे प्रारूप में टीम को मध्यक्रम में बल्लेबाजी करने वाले विकेटकीपर की जरूरत है। ऐसा विकेटकीपर जो पांचवें या छठे नंबर पर बल्लेबाजी करने में सहज हो। पंत ने गंभीर के मुख्य कोच बनने के बाद से जुलाई 2024 से दिसंबर 2025 के बीच सिर्फ एक वनडे मैच खेला है। पिछले आठ वर्षों में केवल 31 वनडे मैच खेलना और 35 से कम का औसत होना इस खिलाड़ी की क्षमता का सही प्रतिबिंब नहीं है। इसमें कोई शक नहीं कि प्रभाव के मामले में पंत किशन और जुरैल से कही बेहतर हैं।
दक्षिण अफ्रीका के विरुद्ध हाल ही में गुवाहाटी टेस्ट में उनके शॉट चयन ने न तो मुख्य कोच और न ही चयन समिति को प्रभावित किया। इसके बावजूद उन्हें उचित मौका दिए बिना टीम से बाहर करना भी कुछ असहज सवाल खड़े कर सकता है। दूसरा महत्वपूर्ण पहलू तीन मैचों की सीरीज के लिए तेज गेंदबाजों का चयन है। टी-20 विश्व कप को ध्यान में रखते हुए हार्दिक पांड्या और जसप्रीत बुमराह को आराम दिए जाने की संभावना है, लेकिन यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या चयनकर्ता अन्य दो तेज गेंदबाजों हर्षित राणा और अर्शदीप सिंह को भी आराम देते हैं।
दोनों ने हाल ही में दक्षिण अफ्रीका के विरुद्ध सीरीज में हिस्सा लिया था। सिराज को परिस्थितियों के कारण चैंपियंस ट्रॉफी के लिए नहीं चुना गया था। वह ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ विदेशी सीरीज में टीम का हिस्सा थे लेकिन दक्षिण अफ्रीका के विरुद्ध घरेलू सीरीज के लिए उन्हें नजरअंदाज कर दिया गया। उन्होंने मौजूदा विजय हजारे ट्रॉफी के पहले चार चरण में भी नहीं खेला है, लेकिन हो सकता है कि वह हैदराबाद के लिए अंतिम तीन चरण में से दो में खेलें।
शमी खेल रहे विजय हजारे
पिछले वनडे विश्व कप (2023) तक नियमित रूप से टीम का हिस्सा रहने के बाद उन्हें 50 ओवर के प्रारूप से बाहर रखना समझ से परे है। मोहम्मद शमी की बात करें तो वह चोट से वापसी के बाद बंगाल के लिए सभी प्रारूपों में खेल रहे हैं। कुछ लोगों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के लिहाज से उनका समय अब बीत चुका है। शमी और चयन समिति के बीच संवाद भी विशेष रूप से स्पष्ट नहीं रहा है।
विजय हजारे ट्रॉफी में अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों में से दो मुख्य दावेदार सरफराज खान और देवदत्त पडिक्कल हैं। शुभमन गिल, रोहित शर्मा और यशस्वी जायसवाल की टीम में जगह पक्की होने के कारण पडिक्कल को मौका देना मुश्किल होगा। सरफराज खान ने घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन किया है लेकिन दक्षिण अफ्रीका के विरुद्ध शतक लगाकर रुतुराज गायकवाड़ पहले ही दावेदारों में उनसे आगे निकल चुके हैं। पांचों चयनकर्ता अगर यथास्थिति बनाए रखने का फैसला करते हैं, तो चयन को लेकर सारी बहस निरर्थक ही साबित होगी।

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