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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 19, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Cheque Bounce Rules: बदल सकते हैं चेक बाउंस से जुड़े नियम, अकाउंट खुलवाने से Loan लेने तक आ सकती है दिक्कत

By Sonali SinghEdited By: Sonali Singh
Published: Thu, 19 Jan 2023 04:44 PM (IST)Updated: Thu, 19 Jan 2023 05:31 PM (IST)

Cheque Bounce Rules भारत में चेकबुक बाउंस होने के लिए पहले से नियम हैं लेकिन फिर भी इस तरह की ...और पढ़ें

Cheque Bounce New Rules May Apply Soon, See Details
Cheque Bounce New Rules May Apply Soon, See Details

नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। आज के समय में बैंक से लेन-देन आम बात है। ज्यादातर लोग पैसे के भुगतान के लिए चेक बुक (Cheque Book) का सहारा लेते हैं। यह पेमेंट के सबसे पुराने तरीकों में से एक है और इसे काफी सेफ भी माना जाता है।आपको बीच-बीच में चेक बाउंस होने की खबरें भी सुनने को मिलती है। बढ़ते मामलों को देखते हुए उम्मीद की जा रही है कि सरकार जल्द इस पर लगाम कस सकती है और इससे जुड़े नियमों में बदलाव कर सकती है।

बनाई गई है एक्सपर्ट कमेटी

चेक बाउंस से जुड़े नए नियमों को लाने के लिए सरकार तेजी से काम कर रही है। इसके लिए सरकार ने सुप्रीम कोर्ट की एक एक्सपर्ट कमेटी बनाई है, जो इससे जुड़े नियमों का सुझाव देती है। इसके अलावा, वित्त मंत्रालय ने भी कुछ समय पहले नए नियमों के लिए उच्च स्तरीय बैठक की थी।

दूसरे अकाउंट से कटेगा पैसा

अगर खाताधारक के अकाउंट में पर्याप्त पैसे नहीं है और फिर भी वह चेक जारी करता है तो इस स्थिति में चेक के बाउंस होने की घटना सामने आती है। ऐसे में इसे रोकने के लिए नए नियमों को लागू किया जा सकता है, जिसके तहत वित्त मंत्रालय खाते में पर्याप्त बैलेंस न होने पर खाताधारक के दूसरे बैंक खातों से पैसा काट सकता है। साथ ही, सख्त कदम उठाते हुए कानूनी कार्रवाई के रूप में पेनल्टी लगाने की बात भी की जा रही है।

नहीं खुलवा पाएंगे दूसरा अकाउंट

चेक बाउंस होने के नए नियम लागू होने के बाद अगर किसी व्यक्ति का चेक बाउंस हो जाता है तो इसके बाद वह दूसरा कोई बैंक अकाउंट नहीं खुलवा पाएगा। सरकार को उम्मीद है कि इस नियम के आने से बाउंस रेट में कमी देखी जा सकती है।

नहीं लें पाएंगे कोई भी लोन

नये चेक बाउंस नियमों के साथ लोन (Loan) लेने में दिक्कत भी आ सकती है क्योंकि चेक बाउंस को लोन डिफॉल्ट के रूप में दिखाया जा सकता है। ऐसा होने पर डिफॉल्टर का सिबिल स्कोर खराब हो सकता है और भविष्य में लोन लेने में दिक्कत आ सकती है।

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