विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 08, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Chirag Paswan: 'डेढ़ घंटे बाहर खड़ा था, मंझली मां ने...', फिर भावुक हुए चिराग; चाचा को लेकर भी दिया क्लियर जवाब

Published: Mon, 08 Apr 2024 09:48 AM (IST)

Bihar Political News चिराग पासवान इन दिनों चुनाव प्रचार में जुटे हैं। वह फिर अपने चाचा पशुपति कुमार पारस को ...और पढ़ें

चिराग पासवान ने पशुपति पारस पर दिया दो टूक जवाब
चिराग पासवान ने पशुपति पारस पर दिया दो टूक जवाब

HighLights

  1. बिहार की 40 सीट जीतकर देना है पीएम नरेंद्र मोदी को- चिराग पासवान
  2. चाचा ने आशीर्वाद का हाथ मेरे सर से क्यों हटा लिया मुझे समझ में नहीं आ रहा- चिराग पासवान

जागरण संवाददाता, हाजीपुर। Bihar Political News लोजपा (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने रविवार को हाजीपुर में स्व. रामविलास पासवान की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। चिराग जिले के विभिन्न जगहों कार्यक्रम में शामिल हुए।

राघोपुर के जफराबाद गांव में पूर्व पंचायत समिति सदस्य शिवप्रसाद राय के माता के श्राद्ध कार्यक्रम में शामिल हुए। वहीं, मीनापुर में सत्येंद्र कुमार वर्मा के माता के निधन के उपरांत चौरासी भोज एवं स्वतंत्रता सेनानी स्वर्गीय अजय बिहारी सिंह के पौत्र जयदीप कुमार के निधन के पश्चात श्रद्धांजलि सभा में शामिल हुए।

हाजीपुर में चिराग ने मीडिया से की बात

इस दौरान चिराग पासवान ने चित्र पर पुष्प अर्पित कर आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की। हाजीपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान चिराग ने कहा कि चाचा पारस का आशीर्वाद लंबे समय से मुझे मिल रहा था, उन्होंने आशीर्वाद का हाथ मेरे सर से क्यों हटा लिया मुझे समझ में नहीं आ रहा।

उन्होंने कह कि क्यों मुझे घर एवं परिवार से निकाल कर बाहर फेंक दिया, मुझे नहीं पता क्या कारण था। जब आप लोग उनसे बार-बार पूछते थे, क्या आप चिराग के साथ कभी समझौता हो सकता है तो उनका बार-बार यह कहना कि सूरज पश्चिम से उग सकता है, लेकिन चिराग से मेरा कोई रिश्ता नहीं रहेगा। मुझे नहीं पता क्यों कहते थे।

पैर छूआ तो वह दो कदम पीछे कर लेती हैं- चिराग पासवान

उन्होंने कहा कि परिवार व पार्टी टूटने के बाद जब मैं घर गया, उसके बाद दरवाजे मेरे लिए बंद कर दिए थे। डेढ़ घंटे तक दरवाजे के बाहर खड़ा था, उसके बाद दरवाजा खुलता है, सामने मेरी मंझली मां सामने होती हैं। उनका मैं पैर छूआ तो वह दो कदम पीछे कर लेती हैं और बोली कि तुम्हारे साथ जो हो रहा है अच्छा हो रहा है।

चिराग ने आगे कहा कि मुझे नहीं पता यह सब यह सारी घटना क्यों घटी। अगर मैं उनका अगर सगा बेटा होता तो वह इसी तरीके से मुझे निकाल कर बाहर फेंक देते। अब इन सब चीजों से मैं बहुत आगे निकल चुका हूं, मेरी लड़ाई अलग है।

उन्होंने कहा कि बिहार फर्स्ट बिहारी फर्स्ट की लड़ाई के साथ मैं आगे बढ़ रहा हूं। तमाम चीजों को मैं पीछे छोड़ चुका हूं। आज की तारीख में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बिहार कि 40 की 40 सीट जीता कर देनी है। देश में यह आकड़ा 400 के पार होगा।

यह भी पढ़ें-

Sushil Modi: तेज प्रताप यादव के बाद सुशील मोदी के घर पहुंचे नीतीश कुमार, देखकर हो गए भावुक; कहा- वह फिर से...

Bihar Politics: 'युवा पीढ़ी को बताएं क्या था जंगलराज?' नीतीश की बुजुर्गों से अपील, लालू-राबड़ी पर भी किया अटैक

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।