Bihar Board 12th Exam: एक मिनट की देरी और साल बर्बाद; बिक्रमगंज में परीक्षा से वंचित छात्राओं ने जमकर किया बवाल
बिक्रमगंज में महज एक मिनट की देरी से पहुंची पंद्रह छात्राएं इंटरमीडिएट की परीक्षा से वंचित हो गई। छात्राएं परीक्षा केंद्र के बाहर प्रवेश के लिए गुहार लगाती रहीं लेकिन उन्हें एंट्री नहीं मिली। इस दौरान छात्राओं ने केंद्र के बाहर जमकर हंगामा किया। इसके बाद प्रशासन ने महिला सिपाहियों को बुलाकर उन्हें बाहर निकाल दिया। अधिकारियों ने नियमों का हवाला देते हुए उन्हें प्रवेश की अनुमति नहीं दी।

संवाद सहयोगी, बिक्रमगंज (रोहतास)। बिक्रमगंज के इंदु तपेश्वर सिंह महिला कॉलेज स्थित परीक्षा केंद्र पर शनिवार को शुरू हुई इंटरमीडिएट की परीक्षा के पहले ही दिन पंद्रह परीक्षार्थी छात्राएं परीक्षा से वंचित रह गई। छात्राओं का रो-रोकर बुरा हाल था।
इनका कहना था कि वे लोग सड़क जाम के कारण मात्र एक मिनट देरी से 9 बजकर 1 मिनट पर पहुंची थी। बाहरी गेट पर प्रवेश मिल गया, लेकिन अंदर वाले गेट पर रोक दिया गया।
छात्राओं ने किया हंगामा
प्रवेश नहीं मिलने के बाद परीक्षा से वंचित छात्राओं ने खूब बवाल काटा। वे प्रशासन से अंदर जाने की गुहार लगाती रहीं, लेकिन किसी ने एक न सुनी। ये छात्राएं अंदर के गेट पर बहुत देर तक खड़ी रहीं, बाद में प्रशासन ने महिला सिपाहियों को बुलाकर उन्हें बाहर निकाल दिया।
अधिकारियों ने किया इनकार
इन छात्राओं ने परीक्षा केंद्र के अंदर प्रवेश करने को लेकर बहुत देर तक मुख्य गेट पर चीखना चिल्लाना जारी रखा। इसके बाद पुलिस निरीक्षक सह थानाध्यक्ष ललन कुमार और इसके बाद एसडीपीओ कुमार संजय पहुंचे।
छात्राओं ने इन अधिकारियों से भी बहुत अनुरोध किया, रोते बिलखते बवाल भी काटा, लेकिन अधिकारियों ने प्रवेश कराने से मना कर दिया।
कई छात्राओं के अभिभावक भी वहां पहुंचे और पहले अनुरोध किया फिर जाम वगैरह को लेकर प्रशासन को ही देरी से पहुंचने के लिए दोषी बताने लगे और ऊंचे स्वर में बात करने लगे। बाद में प्रशासन का सख्त रुख देख लोग वहां से हटे।
छात्राओं ने क्या कहा?
मैं मात्र एक मिनट देर पहुंची थी। मुख्य गेट से प्रवेश के बाद अंदर के गेट पर रोक दिया गया।
मुस्कान कुमारी छात्रा
करीब 17-18 छात्राओं को मात्र एक मिनट देरी के लिए प्रशासन ने अंदर के गेट पर रोक दिया।
जूही खातून, छात्रा
शहर में जाम होने के बावजूद हम लोग भागते-भागते सही समय पर परीक्षा केंद्र में प्रवेश कर गए, लेकिन मुख्य गेट से अंदर के गेट तक पहुंचते पहुंचते अंदर का गेट बंद कर प्रवेश से रोक दिया गया।
आरुषि कुमारी, छात्रा
अधिकारियों ने कहा
गेट पर तैनात दंडाधिकारी ने बताया कि मुख्य गेट पर रोकने के बावजूद देरी से पहुंची छात्राएं अंदर प्रवेश कर गई थी। पुलिस अधिकारी संजय ठाकुर ने बताया कि उस समय मुख्य गेट पर महिला पुलिस नहीं रहने के कारण कुछ अभिभावकों की सह पर देर से पहुंची 12 छात्राएं रोकने के बाद भी अंदर चली गई थीं।
एसडीएम अनिल बसाक और एसडीपीओ कुमार संजय ने छात्राओं को समझाते हुए कहा कि बोर्ड के नियम के अनुसार जो समय निर्धारित है, उसके बाद प्रवेश निषेध है।
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